नई दिल्ली: दिल्ली एयरपोर्ट के पास नया आईएसबीटी बनाने का फैसला हुआ है. जहां से अंतरराज्यीय बसों के जरिए चारों दिशाओं में कनेक्टिविटी बढ़ाने में आसानी होगी. परिवहन विभाग को लिखी गई चिठ्ठी में DIAL ने आईजीआई एयरपोर्ट (IGI Airport) पर एयरोसिटी मेट्रो स्टेशन के पास एक इंटरमॉडल ट्रांसपोर्ट हब बनाने की योजना बनाई है. परिवहन विभाग ने बताया कि यहां से यात्रियों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए लक्जरी बसों का संचालन भी होगा.
सिस्टम दुरुस्त करने पर जोर
जानकारी के मुताबिक अभी IGI एयरपोर्ट पर उतरने के बाद, बहुत से मुसाफिरों को पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश या उत्तराखंड की ओर जाना होता है. वर्तमान में, इन बसों के लिए समर्पित स्टैंड या पार्किंग स्थानों की कमी के कारण, ट्रैफिक प्रणाली काफी अव्यवस्थित है. इस वजह से अक्सर बसें एयरपोर्ट के बाहर प्रतीक्षा करती हैं या हवाईअड्डा परिसर के भीतर पार्क करने के लिए पर्याप्त शुल्क का भुगतान करती हैं. ऐसे में एक निर्धारित इंटरकनेक्टेड मॉड्यूल विकसित होने से लोगों को अपने शहर के लिए सीधी बस सेवा मिल सकेगी.
कहां तक पहुंचा काम
इस प्रोजेक्ट से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि अभी उनके प्रस्ताव को मंजूरी नहीं दी गई है. इस पर कई विभागों से मंथन चल रहा है. प्रस्ताव में कहा गया है कि सभी विभागों के परामर्श से इस प्रोजेक्ट को पूरा किया जाएगा. DIAL ने अंतरराज्यीय बसों की सेवा के लिए एयरपोर्ट आईएसबीटी को विकसित करने और उसे संचालित करने के लिए परिवहन विभाग से भी अनुमति मांगी है. इस प्रोजेक्ट को लेकर दिल्ली सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी का कहना है कि एयरोसिटी मेट्रो स्टेशन के पास प्रस्तावित आईएसबीटी, बस, मेट्रो और हवाई सेवाओं को एकीकृत करने वाले मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब के रूप में काम करेगा.
नए आईएसबीटी प्रोजेक्ट का मेन मकसद बस यात्रियों के लिए सुविधाएं बढ़ाते हुए एयरपोर्ट के टर्मिनलों के बीच मुफ्त शटल सेवा प्रदान करना है. जहां से राज्यों के स्वामित्व वाली सरकारी बसें और निजी ऑपरेटर भी इस टर्मिनल से अपनी सेवाएं संचालित कर सकेंगे. अधिकारियों का यह भी कहना है कि काम पूरा होने के बाद एयरपोर्ट से ट्रैवल करने वाले मुसाफिरों की समग्र यात्रा का एक्सपीरिएंस पहले से कहीं अधिक शानदार और सुविधाजनक हो जाएगा.







