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रिवेंज पोर्न क्या है? डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा हस्ताक्षरित ऐतिहासिक कानून का सच !

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
May 20, 2025
in विशेष, विश्व
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donald trump
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प्रकाश मेहरा
एग्जीक्यूटिव एडिटर


नई दिल्ली। रिवेंज पोर्न (Revenge Porn) एक ऐसी प्रक्रिया को संदर्भित करता है जिसमें कोई व्यक्ति बिना सहमति के किसी अन्य व्यक्ति की निजी, अंतरंग तस्वीरें या वीडियो को ऑनलाइन या अन्य माध्यमों से साझा करता है, अक्सर बदला लेने या अपमानित करने के इरादे से। इसमें वास्तविक छवियां या वीडियो के साथ-साथ कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) द्वारा बनाए गए डीपफेक (Deepfake) भी शामिल हो सकते हैं, जो किसी व्यक्ति को गलत तरीके से यौन सामग्री में दिखाते हैं। यह डिजिटल यौन हिंसा का एक रूप है, जो पीड़ितों, विशेष रूप से महिलाओं और किशोरों, के लिए गंभीर भावनात्मक, सामाजिक और मनोवैज्ञानिक नुकसान पहुंचा सकता है।

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‘टेक इट डाउन एक्ट’ क्या है ?

20 मई, 2025 को, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ‘टेक इट डाउन एक्ट’ (Take It Down Act) पर हस्ताक्षर कर इसे कानून बना दिया। इस कानून का उद्देश्य रिवेंज पोर्न और डीपफेक जैसी गैर-सहमति वाली अंतरंग छवियों (Non-Consensual Intimate Imagery – NCII) के प्रसार को रोकना है। इस विधेयक को प्रथम महिला मेलानिया ट्रंप ने सक्रिय रूप से समर्थन दिया, जो उनकी ‘बी बेस्ट’ (Be Best) पहल का हिस्सा है, जिसका फोकस बच्चों की ऑनलाइन सुरक्षा और कल्याण पर है।

क्या हैं कानून की मुख्य विशेषताएं ?

गैर-सहमति वाली छवियों का अपराधीकरण यह कानून वास्तविक या AI-जनित (डीपफेक) अंतरंग छवियों को बिना सहमति के प्रकाशित करना या प्रकाशित करने की धमकी देना संघीय अपराध बनाता है। दोषियों को जेल, जुर्माना, या दोनों का सामना करना पड़ सकता है, साथ ही पीड़ितों को मुआवजा देना होगा।

48 घंटे में सामग्री हटाने का नियम

सोशल मीडिया और अन्य ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स को पीड़ितों के अनुरोध पर 48 घंटे के भीतर ऐसी सामग्री को हटाने और उसकी प्रतियों को हटाने के लिए उचित कदम उठाने होंगे। फेडरल ट्रेड कमीशन (FTC) इस नियम को लागू करेगा।

यह विधेयक सीनेट में सर्वसम्मति से और हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में 409-2 वोटों से पारित हुआ, जो दुर्लभ द्विदलीय समर्थन को दर्शाता है। इसे मेटा, टिकटॉक, स्नैपचैट, गूगल और अन्य टेक कंपनियों के साथ-साथ पीड़ित वकालत समूहों और कानून प्रवर्तन एजेंसियों का समर्थन प्राप्त है।

मेलानिया ट्रंप की भूमिका

मेलानिया ट्रंप ने मार्च 2025 में इस विधेयक के लिए कैपिटल हिल पर एक राउंडटेबल में हिस्सा लिया, जहां उन्होंने पीड़ितों की कहानियों को सुना और बिल को पारित करने की वकालत की। उन्होंने इसे बच्चों, विशेष रूप से किशोर लड़कियों, को ऑनलाइन शोषण से बचाने के लिए “राष्ट्रीय जीत” बताया।

कानून का प्रभाव और महत्व

पीड़ितों के लिए राहत: यह कानून पीड़ितों को अपनी छवियों को जल्दी हटाने और अपराधियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने का अधिकार देता है। यह उन मामलों में विशेष रूप से महत्वपूर्ण है जहां AI-जनित डीपफेक का उपयोग किया जाता है, क्योंकि ऐसी तकनीक ने हाल के वर्षों में कई हाई-प्रोफाइल हस्तियों और आम लोगों को निशाना बनाया है, जैसे टेलर स्विफ्ट और एलेक्जेंड्रिया ओकासियो-कॉर्टेज़।

टेक कंपनियों की जवाबदेही यह पहला संघीय कानून है जो टेक कंपनियों को ऐसी सामग्री को हटाने के लिए बाध्य करता है, जिससे पहले केवल राज्य-स्तरीय कानून ही निपटते थे। मेलानिया ट्रंप ने जोर देकर कहा कि यह कानून बच्चों को डिजिटल यौन शोषण से बचाने में मदद करेगा, जो AI और सोशल मीडिया के युग में एक बढ़ती समस्या है।

विवाद और आलोचनाएं !

अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर चिंता डिजिटल अधिकार समूहों, जैसे इलेक्ट्रॉनिक फ्रंटियर फाउंडेशन, ने चेतावनी दी है कि कानून का व्यापक दायरा वैध सामग्री, जैसे कानूनी पोर्नोग्राफी या LGBTQ सामग्री, को हटाने के लिए दुरुपयोग हो सकता है। कुछ आलोचकों का कहना है कि यह कानून निजी संदेशों की निगरानी को बढ़ावा दे सकता है, क्योंकि इसमें एन्क्रिप्टेड सेवाओं को छूट नहीं दी गई है, जिससे गोपनीयता और डेटा सुरक्षा पर सवाल उठते हैं।

डोनाल्ड ट्रंप ने मार्च में मजाक में कहा !

डोनाल्ड ट्रंप ने मार्च में मजाक में कहा था कि वह इस कानून का उपयोग खुद के लिए भी करेंगे, क्योंकि “ऑनलाइन उनके साथ किसी से भी बुरा व्यवहार किया जाता है।” इससे कुछ कार्यकर्ताओं को चिंता हुई कि कानून का उपयोग राजनीतिक आलोचना को दबाने के लिए हो सकता है। FTC में हाल के बदलावों, जैसे दो डेमोक्रेटिक आयुक्तों को हटाने, ने कुछ लोगों को चिंतित किया है कि कानून का प्रभावी प्रवर्तन प्रभावित हो सकता है।

आपराधिक प्रावधान तुरंत प्रभावी होंगे, लेकिन ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स को अनुरोध-और-हटाने की प्रक्रिया लागू करने के लिए एक वर्ष का समय दिया गया है। पीड़ित साइबर सिविल राइट्स इनिशिएटिव जैसे संगठनों के माध्यम से सहायता प्राप्त कर सकते हैं, जो 24/7 हॉटलाइन (1-844-878-2274) प्रदान करता है।

‘टेक इट डाउन एक्ट’ रिवेंज पोर्न

‘टेक इट डाउन एक्ट’ रिवेंज पोर्न और डीपफेक के खिलाफ अमेरिका का पहला संघीय कानून है, जो पीड़ितों को त्वरित राहत और कानूनी सुरक्षा प्रदान करता है। मेलानिया ट्रंप की वकालत और द्विदलीय समर्थन ने इसे संभव बनाया, लेकिन इसकी व्यापक परिभाषा और संभावित दुरुपयोग पर चिंताएँ बनी हुई हैं। यह कानून डिजिटल युग में गोपनीयता और सुरक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, लेकिन इसका प्रभाव इस बात पर निर्भर करेगा कि इसे कैसे लागू किया जाता है।

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