नई दिल्ली। नवरात्र का पावन पर्व साल में दो बार आता है, जिसमें चैत्र नवरात्र का विशेष महत्व है. साल 2026 में यह पर्व 19 मार्च से शुरू होकर 27 मार्च तक चलेगा. नवरात्र केवल पूजा-पाठ या उपवास तक सीमित नहीं है, बल्कि यह वह समय है जब दान-पुण्य करने से व्यक्ति के जीवन के कई कष्ट दूर होते हैं. अगर आप भी अपने जीवन में सुख, शांति और समृद्धि चाहते हैं, तो इन नौ दिनों में अपनी क्षमता के अनुसार दान जरूर करें. आइए जानते हैं किन चीजों का दान करना सबसे शुभ माना जाता है.
नवरात्र में इन चीजों का दान करना है बेहद शुभ
लाल रंग की चीजें: नवरात्र में किसी सुहागिन महिला को लाल चुनरी, लाल साड़ी, चूड़ियां, सिंदूर या बिंदी भेंट करना बहुत शुभ होता है. माना जाता है कि ऐसा करने से परिवार में खुशहाली बनी रहती है. दांपत्य जीवन में मधुरता आती है.
शिक्षा से जुड़ी चीजें: छोटी कन्याओं को भोजन कराने के साथ-साथ उन्हें पढ़ने-लिखने का सामान जैसे कॉपी, पेन, पेंसिल, ड्राइंग बुक या स्कूल बैग दान करें. ज्ञान और शिक्षा की सामग्री का दान करना बहुत ही पुण्य का काम माना गया है.
फलों का दान: इस दौरान किसी गरीब या जरूरतमंद को मौसमी फल, विशेषकर केले का दान करना बहुत अच्छा होता है. केले का दान करने से घर की आर्थिक स्थिति में सुधार होता है. धन की कमी दूर होती है.
अन्न और सफेद मिठाई: नवरात्र में किसी भी दिन चावल, आटा, चीनी या कोई सफेद मिठाई दान करें. घर के किसी सदस्य के साथ परेशानी चल रही हो या घर में हमेशा कलह रहती हो, तो इस दान से घर में सकारात्मक ऊर्जा आती है.
वस्त्रों का दान: यदि आप किसी ऐसे व्यक्ति को जानते हैं जिसे कपड़ों की जरूरत है, तो उसे नए वस्त्र दान करें. ठंड या गर्मी के मौसम के अनुसार दान किए गए कपड़े व्यक्ति को मानसिक शांति और संतुष्टि देते हैं.
गुड़ और चने का दान: गुड़ और चने का दान करने से स्वास्थ्य लाभ मिलता है. यह दान न केवल शुभ माना गया है, बल्कि इसे करने से आत्मविश्वास में भी बढ़ोत्तरी होती है.
दान करते समय इन बातों का ध्यान रखें
- निस्वार्थ भाव: दान हमेशा बिना किसी दिखावे और निस्वार्थ भाव से करना चाहिए.
- जरूरतमंद की तलाश: दान उसी को दें जिसे वाकई में उसकी आवश्यकता हो.
- सही समय: कोशिश करें कि दान सूर्योदय के समय या दोपहर तक कर दें.
- गुप्त दान: यदि संभव हो, तो दान को गुप्त रखें. गुप्त दान का फल कई गुना अधिक माना जाता है.






