नई दिल्ली: भारत (India) जापान (Japan) को पीछे छोड़ एशिया पावर इंडेक्स (Asia Power Index) में तीसरा सबसे शक्तिशाली देश बन गया है जो पूरी दुनिया में भारत के बढ़ते प्रभाव का संकेत दे रहा है. भारत ने ये उपलब्धि अपने डायमिक ग्रोथ, युवा जनसंख्या, अर्थव्यवस्था के विस्तार के चलते हासिल किया है. 2024 एशिया पावर इंडेक्स की खास बात ये है कि रीजनल पावर रैकिंग में भारत का कद लगातार बढ़ता रहा है.
भारत ने छोड़ा जापान को पीछे
लॉवी इंस्टीच्युट (Lowy Institute) ने 2024 एशिया पावर इंडेक्स जारी किया है जिसमें अमेरिका (United States) 81.7 अंकों के साथ पहले स्थान पर है. चीन 72.7 अंकों को साथ दूसरे, 39.1 अंकों के साथ भारत तीसरे और 38.9 अंकों के साथ अब जापान चौथे स्थान पर आ गया है. ऑस्ट्रेलिया 31.9 अंकों के पांचवे और 31.1 अंकों के साथ रूस छठे स्थान पर है. भारत के प्वाइंट में 2.8 अंकों की बढ़ोतरी आई है जिससे वो एशिया पावर इंडेक्स में तीसरे स्थान पर आ गया है.
एशिया पावर इंडेक्स में क्यों बढ़ा कद?
कोरोना महामारी के बाद भारत के आर्थिक रिकवरी में जोरदार तेजी देखने को मिली है जिससे इसके इकोनॉमिक कैपेबिलिटी में 4.2 अंकों का उछाल देखने को मिला है. भारत की बड़ी आबादी और मजबूत जीडीपी के चलते पर्चेजिंग पावर पैरिटी (Purchasing Power Parity) के टर्म्स में भारत अब दुनिया की तीसरी बड़ी अर्थव्यवस्था है. भारत के फ्यूचर रिसोर्सेज स्कोर में 8.2 प्वाइंट्स का उछाल मिला है जो भारत के डेमोग्राफिक डिविडेंड की ओर इशारा कर रहा है. अपने प्रतिद्वंदी चीन और जापान के मुकाबले भारत को अपने युवा जनसंख्या का बड़ा फायदा मिल रहा है और आने वाले दशकों में इसके चलते आर्थिक विकास और लेबर फोर्स में भारी विस्तार देखने को मिलेगा.
बढ़ेगा भारत का प्रभाव
2024 एशिया पावर इंडेक्स भारत को एशिया में बड़ी ताकत के रूप में दिखा रहा है. देश का पर्याप्त रिसोर्सेज बेस भविष्य के ग्रोथ के लिए अपार संभावना प्रदान करता है. भारत के लिए दृष्टिकोण बेहद आशावादी है. आर्थिक विकास में जारी तेजी और बढ़ते वर्कफोर्स के चलते आने वाले वर्षों में भारत के प्रभाव में और बढ़ोतरी आएगी.







