नई दिल्ली। उत्तराखंड में बारिश के बाद भूस्खलन से टेंशन हो रही है। पहाड़ी से मलबा और सड़क पर बोल्डर गिरने से सड़कें बंद हो रहीं हैं। बदरीनाथ हाईवे समेत प्रदेशभर में 226 सड़कें बंद हो गईं हैं। प्रशासन की ओर से बंद सड़कों को खोलने का काम किया जा रहा है, लेकिन खराब मौसम बाधा बना हुआ है।
बदरीनाथ हाइवे नन्दप्रयाग में पहाड़ी से लगातार आ रहे मलबे, बोल्डर आने से बाधित है। नन्दप्रयाग में दो जगहों पर बदरीनाथ हाईवे गुरुवार की रात को पहाड़ियों से लगातार आ रहे मलबे बोल्डर्स के कारण बाधित हो गया था। बगड़ में हाईवे शुक्रवार को अपराह्न बाद खुला।
लेकिन नन्दप्रयाग नगर के निकट बदरीनाथ की ओर जाने वाली मुख्य सड़क शनिवार देर शाम तक भी सुचारू नहीं हो सका। नन्दप्रयाग में फंसे वाहनों को अन्य वैकल्पित मार्गों से निकाला जा रहा है। आपदा प्रबंधन अधिकारी नन्दकिशोर जोशी ने बताया हाइवे सुचारू करने के लिए मशीनों के लगातार कार्य किया जा रहा है। पर पहाड़ी से लगातार आ रहे भारी मात्रा मे मलबा फिर सड़क पर आ जाता है। बताया कि अब सड़क के दोनों ओर मशीने लगाई गई हैं।
कि पहाड़ी से आ रहे मलबे को तत्काल हटाया जाए। नन्दप्रयाग में बदरीनाथ हाईवे जिन स्थानों पर संवेदनशील बना है। वहां पर पूरी सड़क दलदल में तब्दील हो गई है। नन्दप्रयाग के निकट पुरसाड़ी में भी बदरीनाथ हाईवे शनिवार को फिर सुबह 7 बजे मलबा आने के कारण अवरुद्ध हुआ। जिसे 11 बजे सुचारू किया जा सका।
नन्दप्रयाग में बदरीनाथ हाईवे बाधित होने से वाहन नन्दप्रयाग सैकोट सड़क से आवाजाही कर रहे हैं। सिंगल लेन की यह सड़क भी कई स्थानों पर संवेदनशील बनी है। भारी वाहनों के भी इसी सड़क से आने की मजबूरी के कारण इस सड़क पर वाहनों को रेंग रेंग कर चलना पड़ रहा है।
पर्वतीय क्षेत्र में सैकड़ों गांव जिला मुख्यालयों से कटे
पर्वतीय क्षेत्रों में हो रही बारिश के कारण मलबा आने से एक नेशनल हाईवे समेत प्रदेश की कुल 226 सड़कें बंद हैं। इनमें से अकेले 200 ग्रामीण सड़कों पर बारिश की मार पड़ी है। इससे सैकड़ों गांवों का संपर्क जिला मुख्यालयों से कट गया है। ग्रामीणों को अपनी रोजमर्रा की जरूरतों के लिए भी मीलों पैदल दूरी नापनी पड़ रही है।
लोनिवि की ओर से शनिवार देर शाम जारी रिपोर्ट के अनुसार, प्रदेश में कुल 264 बंद सड़कों में से शनिवार को 38 सड़कों को खोला गया। बंद सड़कों में एक राष्ट्रीय राजमार्ग रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड के बीच बंद है। इसके अलावा 15 राज्य मार्ग भी बंद हैं।
इनमें प्रमुख तौर पर पौड़ी- देवप्रयाग- जाजल मोटर मार्ग, गूलर-शिवपुरी मोटर मार्ग, रुद्रप्रयाग- पोखरी- गोपेश्वर मार्ग, थराली- वाण मोटर मार्ग, पोखरी- कर्णप्रयाग मोटर मार्ग, कर्णप्रयाग- सोनला, मयाली गुप्तकाशी मोटर मार्ग, गुप्तकाशी- चौमासी, बुआखाल-पौड़ी- देवप्रयाग मोटर मार्ग, लक्ष्मणझूला- दुग्गड़ा- धूमाकोट, देहरादून-किमाड़ी, थल मुनस्यारी मोटर मार्ग विभिन्न स्थानों पर मलबा आने से कई स्थानों पर बाधित हैं।
इसके अलावा छह मुख्य जिला मार्ग, चार अन्य जिला मार्ग, 93 ग्रामीण सड़कें और 107 सड़कें पीएमजीएसवाई की बंद हैं। सड़कों के बंद होने से लोगों को कई परेशानियों से जूझना पड़ रहा है। वे सड़क खोलने की मांग कर रहे है।







