महाराष्ट्र भाजपा के सोशल मीडिया हेड और अधिवक्ता आशुतोष दुबे ने भारत निर्वाचन आयोग को एक पत्र लिखा है। इस पत्र में उन्होंने INDIA (इंडिया) नाम को राजनैतिक फायदों के लिए प्रयोग किए जाने का आरोप लगाया है। साथ ही उन्होंने इस पर आपत्ति जताते हुए इसे रोकने की माँग की है। मंगलवार (18 जुलाई 2023) को लिखे गए इस पत्र में आशुतोष दुबे ने UPA (संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन) की 2024 लोकसभा चुनाव की तैयारियों के तरीके को आपत्तिजनक बताया।
आशुतोष दुबे ने इस पत्र को अपने ट्वीटर हैंडल पर शेयर किया है। इस ट्वीट में उन्होंने भारत निर्वाचन आयोग और उसके प्रवक्ता को टैग किया है। माँग के तौर पर आशुतोष ने उम्मीद जताई है कि उनके पत्र पर चुनाव आयोग ध्यान देगा। भाजपा नेता ने प्रतीक और नाम (अनुचित उपयोग की रोकथाम) अधिनियम, 1950 का हवाला दिया। इस अधिनियम में भारत के राष्ट्रीय प्रतीकों और नामों की गरिमा की रक्षा जरूरी बताई गई है। उन्होंने UPA पर इसके उल्लंघन का आरोप लगाया है।
अपने पत्र में एडवोकेट आशुतोष दुबे ने 2024 के लोकसभा चुनावों से पहले संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (UPA) का नाम बदल कर भारतीय राष्ट्रीय जनतांत्रिक समावेशी गठबंधन (INDIA: Indian National Developmental Inclusive Alliance) करना चिंता का विषय बताया है।
आशुतोष दुबे ने दावा किया है कि UPA के इस कदम से बड़े स्तर पर असंतोष पैदा हुआ है। असंतोष की वजह उन्होंने देश के नाम को राजनैतिक फायदों में प्रयोग करने की विपक्ष की सोच को बताया। साथ ही उन्होंने INDIA नाम से गठबंधन बनाना देश के नागरिकों का अपमान भी बताया।
भारतीय राष्ट्रीय जनतांत्रिक समावेशी गठबंधन (INDIA: Indian National Developmental Inclusive Alliance) की सोच में आशुतोष दुबे ने मौलिकता की कमी बताया। उनका मानना है कि विपक्ष द्वारा अपने समूह का नाम INDIA रखना सिर्फ देश की सत्ता हासिल करने का हथकंडा है।
INDIA जीत गया… भारत हार गया
पत्र में विपक्ष के कुछ नेताओं द्वारा दिए जा रहे बयान जैसे – “यदि पार्टी जीतती है तो लोग कहेंगे INDIA जीत गया, लेकिन यदि पार्टी हार जाती है तो लोग कहेंगे भारत हार गया” को आशुतोष दुबे ने राष्ट्रीय अपमान की भावना बताई। उन्होंने विपक्ष पर लोकतंत्र को कमजोर करने और जनता की भावनाओं से खेलने का भी आरोप लगाया।
पत्र के अंत में भारत निर्वाचन आयोग से मामले की निष्पक्ष जाँच की माँग की गई। शिकायतकर्ता ने चुनावी नारों को बनाते हुए मानकों का पालन करवाने की भी अपील की है। आयोग से INDIA नाम के दुरूपयोग को रोकने की माँग करते हुए आशुतोष ने उम्मीद जताई कि आयोग पारदर्शी और निष्पक्ष चुनाव कराने के लिए इस मामले में हस्तक्षेप करेगा।
बताते चलें कि बेंगलुरु में 17 जुलाई 2023 (सोमवार) को 26 विपक्षी पार्टियों की बैठक हुई। इस मीटिंग में साल 2024 के लोकसभा चुनावों को लेकर चर्चा हुई। यहीं पर बने इस विपक्षी समूह को INDIA नाम दिया गया है। सच्चाई यह है कि इस नाम को लेकर विपक्ष कानूनी पचड़े में फँस सकता है। क्योंकि अगर सिर्फ बोलचाल के लिए ही गठबंधन बनाया गया है तो वो ‘INDIA’ इसका नाम रख सकते हैं या फिर कहने-सुनने के लिए इसका इस्तेमाल कर सकते हैं, लेकिन जैसे ही बात रजिस्ट्रेशन वगैरह की आएगी तो ये संभव नहीं हो पाएगा।






