Upgrade
पहल टाइम्स
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
No Result
View All Result
पहल टाइम्स
No Result
View All Result
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • ईमैगजीन
Home राष्ट्रीय

चुनाव आयोग के लचर तर्क

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
October 18, 2022
in राष्ट्रीय
A A
EC
14
SHARES
457
VIEWS
Share on FacebookShare on Whatsapp

गुजरात और हिमाचल प्रदेश में 2017 में एक महीने के अंतराल पर मतदान हुआ था लेकिन दोनों राज्यों के चुनाव नतीजे एक साथ 18 दिसंबर को आए थे। दोनों राज्यों में चुनाव की प्रक्रिया एक साथ 20 दिसंबर को पूरी हुई थी। दोनों राज्यों की विधानसभाओं का गठन भी लगभग साथ साथ हुआ था और विधानसभाओं का कार्यकाल भी साथ साथ ही खत्म हो रहा था। तभी यह अंदाजा लगाया जा रहा था कि दोनों राज्यों में इस साल एक साथ चुनाव होंगे। लेकिन चुनाव आयोग ने सिर्फ हिमाचल प्रदेश में चुनाव की घोषणा की और गुजरात को छोड़ दिया। दो छोटे छोटे राज्यों के चुनाव एक साथ नहीं कराने पर चुनाव आयोग ने इतने लचर दिए, जिन्हें सुन कर हैरानी हुई।

चुनाव आयोग ने मौसम का हवाला दिया और कहा कि हिमाचल में बर्फ गिरनी शुरू हो उससे पहले चुनाव कराना था। अच्छी बात है। बर्फ गिरनी शुरू हो उससे पहले चुनाव के लिए 12 नवंबर का दिन तय हुआ। तो सवाल है कि उसी दिन गुजरात का चुनाव क्यों नहीं हो सकता था? किसी भी राज्य की विधानसभा का कार्यकाल छह महीने से कम बचा होता तो वहां चुनाव का फैसला आयोग को करना होता है। जैसे हिमाचल प्रदेश की पिछली विधानसभा का कार्यकाल जनवरी 2018 में खत्म हो रहा था लेकिन आयोग ने नौ नवंबर 2017 को ही चुनाव करा लिया था। उसी तरह गुजरात विधानसभा का कार्यकाल भी छह महीने से कम रह गया है तो आयोग उसकी तारीखों का फैसला कर सकता था।

इन्हें भी पढ़े

Tax

आज से नया टैक्‍स कानून, बदल जाएंगे HRA समेत ये 10 नियम!

April 1, 2026
crude oil

कच्चा तेल 100 डॉलर के पार, फिर डीजल बिकता 193 रुपये लीटर, जानिए सस्ता क्यों?

April 1, 2026
RSS

संघ की वैचारिक यात्रा का ऐतिहासिक दस्तावेज ‘आरएसएस @100’

April 1, 2026
toll plazas

एक अप्रैल से नेशनल हाइवे और एक्‍सप्रेसवे पर सफर होगा महंगा, बढ़ जाएगा टैक्‍स

March 29, 2026
Load More

चुनाव आयोग ने परंपरा का हवाला दिया। यानी दोनों राज्यों में अलग अलग चुनाव घोषणा की परंपरा रही है। सोचें, इसका क्या मतलब है? जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चुनाव आयोग दोनों वन नेशन, वन इलेक्शन की बात करते हैं यानी पूरे देश में एक साथ लोकसभा और विधानसभाओं में चुनाव की बात करते हैं तो क्या तब उनको परंपरा का ख्याल नहीं आता है? एक साथ चुनाव कराने में क्या परंपराएं नहीं टूटेंगी? क्या आयोग को पता नहीं है कि ऐसी परंपराएं कितनी बार पहले टूट चुकी हैं? इसमें तो कोई बड़ी परंपरा भी नहीं टूटनी थी। दोनों राज्यों के वोटों की गिनती जब साथ होनी है तो चुनाव की घोषणा भी एक साथ हो सकती है और मतदान भी एक साथ हो सकता है।

बहरहाल, चुनाव आयोग के इस फैसले से दोनों राज्यों और केंद्र में सत्तारूढ़ भाजपा को बहुत फायदा होना है। जब तक गुजरात में चुनाव की घोषणा नहीं होनी है तब तक प्रधानमंत्री और राज्य के मुख्यमंत्री बड़ी परियोजनाओं के उद्घाटन और शिलान्यास करते रहेंगे। इस बीच हिमाचल में चुनाव प्रचार शुरू हो जाएगा, जिस पर फोकस करके भाजपा काम कर सकेगी। हिमाचल में जब मतदान हो जाएगा तब गुजरात में चुनाव प्रचार जोर पकड़ेगा और तब भाजपा के तमाम नेता वहां ध्यान केंद्रित करेंगे। गुजरात में भी आयोग दो या तीन चरण में मतदान कराएग। क्यों कराएगा वह सबको पता है। सोचें, जिन दो राज्यों में भाजपा अपनी जीत को लेकर सबसे ज्यादा आश्वस्त है वहां इस तरह के प्रबंधन हो रहे हैं!


इनपुट एजेंसी RNS

इन्हें भी पढ़ें

  • All
  • विशेष
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
नल जल

भीषण गर्मी में पेयजल संकट से जूझ रहे ग्रामीणजन

May 30, 2025

तो आबादी में विश्वगुरूता!

July 25, 2022
Ahmed Al-Shara -trump

ट्रंप से मुलाकात के बाद चर्चा में अहमद अल-शरा, कभी था आतंकी, अब सीरिया के अंतरिम राष्ट्रपति!

May 15, 2025
पहल टाइम्स

पहल टाइम्स का संचालन पहल मीडिया ग्रुप्स के द्वारा किया जा रहा है. पहल टाइम्स का प्रयास समाज के लिए उपयोगी खबरों के प्रसार का रहा है. पहल गुप्स के समूह संपादक शूरबीर सिंह नेगी है.

Learn more

पहल टाइम्स कार्यालय

प्रधान संपादकः- शूरवीर सिंह नेगी

9-सी, मोहम्मदपुर, आरके पुरम नई दिल्ली

फोन नं-  +91 11 46678331

मोबाइल- + 91 9910877052

ईमेल- pahaltimes@gmail.com

Categories

  • Uncategorized
  • खाना खजाना
  • खेल
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • दिल्ली
  • धर्म
  • फैशन
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • विश्व
  • व्यापार
  • साक्षात्कार
  • सामाजिक कार्य
  • स्वास्थ्य

Recent Posts

  • जिन्हें तकनीकी वजहों से PM आवास नहीं मिला, वे इस योजना से पूरा कर रहे घर का सपना
  • हिमालय की ऊंचाइयों पर चल रहा ‘खेल’, स्कैम की कहानी चौंकाएगी
  • अमेरिका ही छोड़ सकता है NATO, जानिए वजह

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.

  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.