नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) ने आज कांग्रेस के साथ गठबंधन को लेकर अपना नजरिया साफ कर दिया। आप ने आज कहा कि वह दिल्ली में कांग्रेस को एक सीट देने के पक्ष में है और बाकी 6 सीटों पर वह खुद मैदान पर उतरेगी। इससे पहले अरविंद केजरीवाल साफ कर चुके हैं कि आप पंजाब में अकेले ही चुनाव लड़ेगी। अब दिल्ली को लेकर आप ने अपने पत्ते खोल दिए हैं। इसके अलावा आप ने गोवा में एक सीट और गुजरात में दो लोकसभा सीटों पर अपने उम्मीदवार भी घोषित कर दिए।
आप सांसद संदीप पाठक ने संवाददाता सम्मेलन में कहा, जब इंडिया गठबंधन का आइडिया घोषित हुआ उस वक्त देश में उत्साह था। गठबंधन का उद्देश्य सभी विपक्षी घटक दलों को एक साथ आकर खुद का हित न देखते हुए देश का हित देखना था। हम भी इसीलिए इसमें शामिल हुए थे। इसका उद्देश्य चुनाव लड़ना और चुनाव जीतना है। इसके लिए समय पर कैंडिडेट घोषित करना, प्रचार-प्रसार पर काम करना है।
दिल्ली में कांग्रेस को एक सीट देने को तैयार
पाठक ने कहा, हमारी कांग्रेस के साथ दो बार मीटिंग हुई, लेकिन निष्कर्ष कुछ नहीं निकला। इसके बाद पिछले एक महीने में एक भी मीटिंग नहीं हुई। पहले न्याय यात्रा वजह बताई गई औेर इसके बाद कुछ नहीं बताया गया। कांग्रेस के किसी नेता को कोई आइडिया नहीं कि कब मीटिंग होगी। आज भारी मन से बोलना पड़ रहा है। उन्होंने कहा, दिल्ली में आप 7 में से 6 सीट पर खुद लड़ने और एक सीट कांग्रेस को देने के समर्थन में है। दिल्ली में हमारी सरकार है और नगर निगम में भी हमारी सरकार है। इस हिसाब से देखा जाए तो दिल्ली में हमारी 6 सीटें बनती है। इसलिए हम 6 सीटों पर चुनाव लड़ना चाहते हैं। हम कांग्रेस को एक सीट देने को तैयार हैं।
गोवा-गुजरात से तीन उम्मीदवार घोषित
आप सांसद ने कहा, हम गठबंधन धर्म को निभाना चाहते हैं, लेकिन जो देरी हो रही है वह ठीक नहीं है। समय में हो रही देरी को देखते हुए आज साउथ गोवा से हमारे विधायक वैंजी को उम्मीदवार घोषित कर रहे हैं। कांग्रेस के साथ गठबंधन का ध्यान देते हुए हमारी एक सीट बनती है। इसलिए हम अपना उम्मीदवार घोषित कर रहे हैं। वहीं, गुजरात के भरूच से चैतर बसावा और भावनगर से उमेश भाई मखवाना को उम्मीदवार घोषित कर रहे हैं। गुजरात में गठबंधन में हमारी 8 सीटें बनती है। हमें लगता है कि कांग्रेस इस पर हमारी समर्थन करेगी।







