दिल्ली डेस्क/ दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पर 20 अगस्त को जनसुनवाई के दौरान हुए हमले के आरोपी राजेशभाई खिमजीभाई सकारिया का आपराधिक इतिहास क्या है ? आइए विस्तार में एग्जीक्यूटिव एडिटर प्रकाश मेहरा से समझते है
20 अगस्त को, दिल्ली के सिविल लाइंस स्थित मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के सरकारी आवास पर साप्ताहिक जनसुनवाई के दौरान 41 वर्षीय राजेशभाई खिमजीभाई सकारिया ने उन पर हमला किया। हमलावर ने पहले मुख्यमंत्री को कुछ कागजात सौंपे, फिर अचानक चिल्लाने और अभद्र भाषा का उपयोग करने के बाद उन पर शारीरिक हमला किया। इस हमले में रेखा गुप्ता के सिर और कंधे पर मामूली चोटें आईं, और उन्हें मेडिकल जांच के लिए अस्पताल ले जाया गया। उनकी स्थिति स्थिर बताई गई है।
आरोपी को दिल्ली पुलिस ने तुरंत हिरासत में ले लिया और सिविल लाइंस थाने में पूछताछ शुरू की। पुलिस ने हत्या के प्रयास (धारा 109 BNS), सरकारी कर्मचारी पर हमला (धारा 132 BNS), और सरकारी कार्य में बाधा डालने (धारा 221 BNS) के तहत मामला दर्ज किया है।
आरोपी का आपराधिक इतिहास
राजेशभाई खिमजीभाई सकारिया, जो गुजरात के राजकोट का निवासी और एक रिक्शा चालक है, का आपराधिक इतिहास पुराना और गंभीर है। निम्नलिखित बिंदु उनके आपराधिक रिकॉर्ड को दर्शाते हैं:पहले से दर्ज मामले: राजेश के खिलाफ गुजरात के भक्तिनगर पुलिस स्टेशन में कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। विभिन्न स्रोतों के अनुसार, उनके खिलाफ 5 से अधिक मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें हिंसा और अवैध गतिविधियों से संबंधित मामले शामिल हैं। हालांकि, कई मामलों में उन्हें अदालत से बरी कर दिया गया है।
पुलिस जांच में राजेश को हिस्ट्रीशीटर के रूप में वर्गीकृत किया गया है, जो दर्शाता है कि वह पहले से ही पुलिस की निगरानी में रहा है।
राजेश का हिंसक स्वभाव
राजेश की मां, भानु बेन, ने बताया कि “उनका स्वभाव बेहद हिंसक है। वह घर में भी परिवार वालों के साथ मारपीट करता था, जिसमें उनकी मां भी उसकी हिंसा का शिकार रहीं।”
परिवार और उनकी मां ने दावा किया कि राजेश को मानसिक स्वास्थ्य समस्याएं हैं, लेकिन वह दवाइयां लेने से इनकार करता है। यह भी बताया गया कि वह पशु प्रेमी है और संभवतः आवारा कुत्तों से संबंधित सुप्रीम कोर्ट के किसी फैसले के बाद दिल्ली आया था।
हमले की योजना और मकसद
सीएम कार्यालय से प्राप्त सीसीटीवी फुटेज के अनुसार, राजेश ने हमले से कम से कम 24 घंटे पहले रेखा गुप्ता के शालीमार बाग स्थित आवास की रेकी की थी। उसने वहां का वीडियो बनाया और हमले की तैयारी की। यह फुटेज पुलिस को सौंप दी गई है, और इसे एक सुनियोजित साजिश का हिस्सा माना जा रहा है।
शुरुआती जांच में पता चला कि राजेश अपने किसी परिजन को जेल से छुड़वाने के लिए कोर्ट के कागजात लेकर जनसुनवाई में पहुंचा था। हालांकि, पुलिस अभी तक हमले के सटीक मकसद का पता नहीं लगा पाई है। कुछ स्रोतों ने संकेत दिया कि वह किसी राजनीतिक दल से असंतुष्ट हो सकता है, लेकिन इसकी पुष्टि नहीं हुई है।
राजेश की मां ने दावा किया कि “वह पशु प्रेमी है और संभवतः आवारा कुत्तों से संबंधित किसी मुद्दे के कारण दिल्ली आया था। उन्होंने मुख्यमंत्री से उसे माफ करने की अपील की।”
हिरासत और पूछताछ जारी
दिल्ली पुलिस, खुफिया ब्यूरो (IB), और स्पेशल सेल की टीमें राजेश से पूछताछ कर रही हैं। पुलिस उसकी पृष्ठभूमि और मकसद की गहराई से जांच कर रही है, जिसमें यह पता लगाने की कोशिश शामिल है कि क्या यह हमला सुनियोजित साजिश थी या व्यक्तिगत नाराजगी का परिणाम। दिल्ली पुलिस ने राजेश के आपराधिक रिकॉर्ड और पृष्ठभूमि की जानकारी के लिए राजकोट पुलिस से संपर्क किया है। राजकोट पुलिस ने भी राजेश की मां को पूछताछ के लिए बुलाया है।
हमले से पहले की रेकी के फुटेज और घटना स्थल के सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है। इस घटना को मुख्यमंत्री की सुरक्षा में बड़ी चूक माना जा रहा है, जिसके बाद उनके आवास पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
थप्पड़ मारने की खबरों का खंडन
दिल्ली भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने थप्पड़ मारने की खबरों का खंडन किया और कहा कि “राजेश ने मुख्यमंत्री का हाथ खींचने की कोशिश की, जिससे उनका सिर टेबल से टकराया। उन्होंने इसे एक साजिश का हिस्सा बताया।”
VIDEO | Delhi BJP president Virendra Sachdeva
(@Virend_Sachdeva) on alleged attack on CM Rekha Gupta, says, "During Jan Sunwai, the CM was listening to grievances of people. A man came forward and tried to hand over some document to the CM. He suddenly grabbed the CM's hand and… pic.twitter.com/IrRHSBpnxT— Press Trust of India (@PTI_News) August 20, 2025
आम आदमी पार्टी (AAP) और कांग्रेस ने इस हमले की कड़ी निंदा की। AAP नेता आतिशी और कांग्रेस नेता देवेंद्र यादव ने इसे शर्मनाक और लोकतंत्र के लिए खतरा बताया।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पर हुआ हमला बेहद निंदनीय है। लोकतांत्रिक व्यवस्था में विचारों का मतभेद और विरोध स्वीकार्य है, लेकिन हिंसा के लिए कोई स्थान नहीं हो सकता।
मुझे विश्वास है कि दिल्ली पुलिस उचित कार्रवाई करेगी। आशा है कि मुख्यमंत्री पूरी तरह सुरक्षित और स्वस्थ हों।
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) August 20, 2025
भाजपा सांसद रमेश बिधूड़ी और मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने दावा किया कि “यह हमला विपक्ष की हताशा का परिणाम हो सकता है, हालांकि इस दावे की पुष्टि नहीं हुई है।”
Delhi: Reacting to the attack on CM Rekha Gupta during Jan Sunvai, BJP leader Ramesh Bidhuri says, "…Since Rekha Gupta became Chief Minister, she has been meeting people and engaging publicly. Some cannot digest this. When the investigation happens, the attacker will likely be… pic.twitter.com/I6eZohajHZ
— IANS (@ians_india) August 20, 2025
बीजेपी नेता मनजिंदर सिंह सिरसा ने “इस हमले को विपक्ष की हताशा का परिणाम बताया”
I strongly condemn the cowardly attack on Hon’ble CM @gupta_rekha Ji during a public hearing.
Her fearless connect with people and unwavering commitment to public service clearly unsettles the opposition, which is stooping to such shameful tactics.
Wishing her strength, safety… pic.twitter.com/Qn5Zyscjh4— Manjinder Singh Sirsa (@mssirsa) August 20, 2025
आरोपी का प्रोफाइल
राजेशभाई खिमजीभाई सकारिया। आरोपी की उम्र 41 वर्ष। निवास कोठारिया रोड, गोकुल पार्क-2, राजकोट, गुजरात। उसका पेशा रिक्शा चालक। परिवार ने बताया कि “वह हिंसक स्वभाव का है और मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहा है।” पुलिस को उसके पास से गुजरात का आधार कार्ड मिला है, जिसके आधार पर उसकी पहचान की पुष्टि की जा रही है।
मुख्यमंत्री की सुरक्षा में चूक
राजेशभाई खिमजीभाई सकारिया का आपराधिक इतिहास हिंसा और अवैध गतिविधियों से भरा हुआ है, जिसमें गुजरात में कई मामले दर्ज हैं। उसका हिंसक स्वभाव और संभावित मानसिक स्वास्थ्य समस्याएं इस हमले के पीछे महत्वपूर्ण कारक हो सकते हैं। हालांकि, हमले का सटीक मकसद अभी तक स्पष्ट नहीं है और पुलिस इसकी गहन जांच कर रही है। यह घटना मुख्यमंत्री की सुरक्षा में चूक को उजागर करती है, जिसके बाद सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त किया गया है।







