Upgrade
पहल टाइम्स
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
No Result
View All Result
पहल टाइम्स
No Result
View All Result
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • ईमैगजीन
Home धर्म

छठ पर्व के आराध्य देवता हैं सूर्य… अर्घ्य की थाली, निर्जला व्रत की तपस्या।

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
October 25, 2025
in धर्म
A A
chhath puja
16
SHARES
541
VIEWS
Share on FacebookShare on Whatsapp

प्रकाश मेहरा
एग्जीक्यूटिव एडिटर


नई दिल्ली। छठ पर्व मुख्य रूप से बिहार, झारखंड, पूर्वी उत्तर प्रदेश और नेपाल के तराई क्षेत्रों में मनाया जाने वाला एक प्राचीन हिंदू लोकपर्व है। यह पर्व सूर्य देव (भगवान सूर्य) और उनकी बहन षष्ठी देवी (जिन्हें छठी मइया भी कहा जाता है) को समर्पित है। व्रती (उपवास करने वाले) सूर्य को अर्घ्य देकर संतान प्राप्ति, परिवार की सुख-समृद्धि और रोगों से मुक्ति की कामना करते हैं। पर्व कार्तिक शुक्ल पक्ष की षष्ठी को मनाया जाता है, जो चार दिनों तक चलता है नहाय-खाय, खरना, संध्या अर्घ्य और उषा अर्घ्य।

इन्हें भी पढ़े

Jhandewala Devi Temple

सावन मास के चौथे सोमवार को झण्डेवाला देवी मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब, भक्तों ने श्रद्धापूर्वक किया जलाभिषेक

August 24, 2026
belpatra

एकादशी के दिन बेलपत्र तोड़ना चाहिए या नहीं? जानिए शास्त्रीय नियम

August 22, 2026
shivling

सावन के आखिरी सोमवार पर बन रहा महासंयोग! 5 दुर्लभ योगों में करें भोलेनाथ का जलाभिषेक

August 21, 2026
Rashifal

मंगलवार को चमकेगी इन 5 राशियों की किस्मत, बंपर धन लाभ के बन रहे योग!

August 17, 2026
Load More

सूर्य देव की उत्पत्ति की पौराणिक कहानी

हिंदू पुराणों (विशेष रूप से ऋग्वेद, महाभारत, रामायण और पुराणों जैसे विष्णु पुराण, भागवत पुराण) में सूर्य देव को आदित्यों (देवताओं के एक समूह) का प्रमुख माना गया है। उनकी उत्पत्ति की मुख्य कहानियाँ ऋग्वेद के अनुसार (सबसे प्राचीन स्रोत) सूर्य को ब्रह्मा का नेत्र माना गया है। ऋग्वेद में सूर्य को विश्व का प्राण, जीवन का स्रोत और सभी देवताओं का नेत्र कहा गया है।

वे अदिति (देवमाता) और ऋषि कश्यप के पुत्र हैं। अदिति के 12 पुत्रों को आदित्य कहा जाता है, जो 12 महीनों के प्रतीक हैं। सूर्य इनमें से एक हैं (कभी-कभी प्रमुख)। सूर्य का जन्म प्रलय के बाद विश्व को प्रकाश देने के लिए हुआ। वे अपने रथ पर सवार होकर आकाश में भ्रमण करते हैं, जिसमें सात घोड़े (सात रंगों के प्रतीक) जुते होते हैं। रथ का सारथी अरुण है।

महाभारत और रामायण की कथा

सूर्य देव की सबसे प्रसिद्ध कथा महाभारत से जुड़ी है। कुंती (पांडवों की माता) ने अविवाहित अवस्था में दुर्वासा ऋषि से प्राप्त मंत्र से सूर्य देव को आवाहन किया। सूर्य ने कुंती को कर्ण नाम का पुत्र दिया, जो कवच-कुंडल के साथ जन्मा। कुंती ने शर्मवश कर्ण को टोकरी में रखकर नदी में बहा दिया। यह कथा सूर्य की तेजस्वी शक्ति और वरदान देने की क्षमता को दर्शाती है। भगवान राम इक्ष्वाकु वंश (सूर्य वंश) के हैं। सूर्य देव को इस वंश का आदि पुरुष माना जाता है।

पुराणों की अन्य कथाएँ

राजा संवरण ने सूर्य की पुत्री तपती से विवाह किया, जिनसे कुरु वंश की स्थापना हुई। सूर्य की पत्नी संझना (या सरण्यु) से जुड़वाँ संतान यम (मृत्यु के देवता) और यमी (यमुना नदी) हुई। संझना सूर्य के तेज से भयभीत होकर अपनी छाया छाया को छोड़कर चली गईं, जिससे छाया से शनि और अन्य संतानें हुईं।

सूर्य का विवाह सूर्य की मुख्य पत्नी उषा (प्रभात) और प्रत्युषा (संध्या) हैं। वे सावित्रि (गायत्री मंत्र की देवी) के रूप में भी पूजनीय हैं।

छठ पर्व में सूर्य की भूमिका

छठ में सूर्य को डूबते (संध्या अर्घ्य) और उगते (उषा अर्घ्य) दोनों समय अर्घ्य दिया जाता है, जो प्रकृति पूजा का प्रतीक है। वैज्ञानिक दृष्टि से सूर्य की किरणें विटामिन D प्रदान करती हैं, जो छठ के कठोर व्रत (36 घंटे निर्जला) के दौरान स्वास्थ्य लाभ देती हैं। एक कथा में प्रियंवद नाम की रानी ने छठ व्रत से संतान प्राप्त की। दूसरी में द्रौपदी ने वनवास में सूर्य से अक्षय पात्र मांगा।

यह पर्व वैदिक काल से चला आ रहा है और UNESCO की अमूर्त सांस्कृतिक धरोहर सूची में शामिल होने की प्रक्रिया में है। सूर्य पूजा विश्व की प्राचीनतम परंपराओं में से एक है।

इन्हें भी पढ़ें

  • All
  • विशेष
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
Supreme court

सुप्रीम कोर्ट का बड़ा आदेश, आपराधिक रिकॉर्ड नहीं रखने वाले छात्र प्रदर्शनकारियों को तत्काल रिहा करें

July 28, 2026
ax-4 mission

शुभांशु शुक्ला की ऐतिहासिक अंतरिक्ष यात्रा, 450 किमी दूर ISS तक 28 घंटे का रोमांचक सफर !

June 25, 2025
pm modi

पीएम मोदी के मणिपुर दौरे से विपक्ष क्यों परेशान? मिजोरम-मणिपुर को सौगात, सियासी बरसात !

September 13, 2025
पहल टाइम्स

पहल टाइम्स का संचालन पहल मीडिया ग्रुप्स के द्वारा किया जा रहा है. पहल टाइम्स का प्रयास समाज के लिए उपयोगी खबरों के प्रसार का रहा है. पहल गुप्स के समूह संपादक शूरबीर सिंह नेगी है.

Learn more

पहल टाइम्स कार्यालय

प्रधान संपादकः- शूरवीर सिंह नेगी

9-सी, मोहम्मदपुर, आरके पुरम नई दिल्ली

फोन नं-  +91 11 46678331

मोबाइल- + 91 9910877052

ईमेल- pahaltimes@gmail.com

Categories

  • Uncategorized
  • खाना खजाना
  • खेल
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • दिल्ली
  • धर्म
  • फैशन
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • विश्व
  • व्यापार
  • साक्षात्कार
  • सामाजिक कार्य
  • स्वास्थ्य

Recent Posts

  • दिल्ली में पानी की किल्लत होगी दूर, सरकार ने मंजूर किए 11,427 करोड़, क्या है पूरा प्लान?
  • टपकेश्वर महादेव की भव्य शोभायात्रा में शामिल हुए CM धामी, प्रदेश की खुशहाली की मांगी मन्नत
  • दिल्ली लक्ष्मी योजना शुरू, महिलाओं को मिलेंगे ₹2,500 हर माह

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.

  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.