नई दिल्ली। वित्तमंत्री निर्मला सीतारम ने यूनियन बजट 2024 में पीएम इंटर्नशिप स्कीम का ऐलान किया था। इसका मकसद युवाओं का स्किल बढ़ाने और उन्हें रोजगार के मौकों के लिए तैयार करना है। सरकार ने शुरुआत में इस योजना के तहत पांच सालों के दौरान 1 करोड़ युवाओं को इंटर्नशिप का मौका देने का टारेगट रखा था
अभी इस स्कीम में पार्टिसिपेट करने वाली कंपनियों की संख्या 549 है। इसे बढ़ाकर 6,000 किया जा सकता है।
सरकार पीएम इंटर्नशिप स्कीम में बदलाव कर सकती है। इसका ऐलान यूनियन बजट 2026 में हो सकता है। इस स्कीम का ऐलान वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने यूनियन बजट 2024 में किया था। इसका मकसद युवाओं का स्किल बढ़ाने और उन्हें रोजगार के मौकों के लिए तैयार करना है।
अभी इंटर्न को हर महीने 5000 रुपये स्टाइपेंड
अभी इस स्कीम के तहत टॉप 500 कंपनियों में इंटर्न्स को हर महीने 5,000 रुपये का स्टाइपेंड मिलता है। इस स्कीम में पार्टिसिपेशन बढ़ाने के लिए स्टाइपेंड को बढ़ाया जा सकता है। इसे 5,000 रुपये हर महीने से बढ़ाकर करीब 11,800 रुपये किया जा सकता है। साथ ही इस स्कीम में शामिल कंपनियों की संख्या भी बढ़ाई जा सकती है।
स्कीम में पार्टिसिपेशन बढ़ाना चाहती है सरकार
फाइनेंशियल एक्सप्रेस की खबर के मुताबिक, कंपनी मामलों का मंत्रालय (एमसीए) पीएम इंटर्नशिप स्कीम (PMIS) में बदलाव के प्रस्ताव पर काम कर रहा है। सरकार की कोशिश इस स्कीम को अट्रैक्टिव बनाने और इसमें पार्टिसिपेशन बढ़ाने पर है। अधिकारियों ने एफई को बताया कि संशोधित स्कीम में सरकार पीएमआईएस स्टाइपेंड को नेशनल एप्रेंटिसशिप प्रमोशन स्कीम (NAPS) के तहत मिलने वाली स्टाइपेंड के साथ लिंक कर सकती है। नई स्टाइपेंड तय करने में मेट्रो और बड़े शहरों में हायर कॉस्ट ऑफ लिविंग को ध्यान में रखा जाएगा।
पार्टिसिपेट करने वाली कंपनियों की संख्या बढ़ाई जा सकती है
अभी इस स्कीम में पार्टिसिपेट करने वाली कंपनियों की संख्या 549 है। इसे बढ़ाकर 6,000 किया जा सकता है। स्कीम के पहले दो चरणों में टूरिज्म, हॉस्पिटैलिटी और हेल्थकेयर सेक्टर की अतिरिक्त 49 कंपनियों को शामिल किया गया है। अधिकारियों के मुताबिक, स्कीम के तीसरे फेज में सीएसआर एक्टिविटीज के लिए एमसीए के तहत इम्पैनल्ड सभी कंपनियों को शामिल किया जा सकता है। सरकार स्कीम में युवाओं का पार्टिसिपेशन बढ़ाने के लिए उम्र सीमा भी बढ़ा सकती है। इसे 21-24 साल से बढ़ाकर 18-30 साल किया जा सकता है।
यूनियन बजट 2026 में बदलाव का हो सकता है ऐलान
शुरुआत में पीएमआईएस के तहत पांच सालों के दौरान 1 करोड़ युवाओं को इंटर्नशिप का मौका देने का टारेगट था। सरकार का मानना था कि इससे युवाओं को सीखने का मौका मिलेगा, जिससे वे खुद को रोजगार के लिए बेहतर तरीके से तैयार कर सकेंगे। लेकिन, योजना के शुरुआती दो चरणों को देखते हुए सरकार इसमें बदलाव करना चाहती है। इसका ऐलान 1 फरवरी को Union Budget में वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण कर सकती हैं।







