नई दिल्ली। दिल्ली सरकार ने सरकारी सेवाओं को पहले से ज्यादा तेज, आसान और पारदर्शी बनाने के लिए बड़ा कदम उठाया है. सरकार ने सिंगल विंडो सिस्टम के तहत मिलने वाली 84 सेवाओं की प्रोसेसिंग का समय कम कर दिया है. इसका मकसद लोगों और कारोबारियों को सरकारी काम के लिए कम इंतजार करना पड़े और ज्यादा से ज्यादा सेवाएं ऑनलाइन और समय पर मिल सकें.
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि यह फैसला डिरेगुलेशन एक्सरसाइज–फेज II के तहत प्रायोरिटी एरिया-21 में लिया गया है. इसके लिए सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) विभाग ने सिंगल विंडो सिस्टम पर मिलने वाली सेवाओं का विस्तार से अध्ययन किया. इसमें आवेदन जमा होने से लेकर अंतिम मंजूरी मिलने तक का पूरा समय देखा गया और यह पता लगाया गया कि किन प्रक्रियाओं को आसान बनाकर समय बचाया जा सकता है.
इस अध्ययन में 18 विभागों की 95 प्रमुख सेवाओं की समीक्षा की गई. सिंगल विंडो सिस्टम के जरिए लोग और कारोबारी एक ही पोर्टल पर लाइसेंस, परमिट, मंजूरी और दूसरी सरकारी सेवाओं के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं. इससे अलग-अलग विभागों के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं पड़ती.
अध्ययन के बाद सरकार ने कई प्रक्रियाओं में बदलाव किए, जिसके चलते 84 सेवाओं की प्रोसेसिंग पहले से काफी तेज हो गई है. कुछ सेवाएं अब तुरंत उपलब्ध कराई जा रही हैं. मुख्यमंत्री ने कहा कि इससे दिल्ली में कारोबार करना आसान होगा, सरकारी काम में देरी कम होगी और पूरी व्यवस्था ज्यादा पारदर्शी व प्रभावी बनेगी. उन्होंने कहा कि सरकार तकनीक का बेहतर इस्तेमाल कर नागरिकों और कारोबारियों दोनों के लिए सरकारी सेवाओं तक पहुंच आसान बनाना चाहती है. साथ ही प्रशासनिक प्रक्रियाओं को भी सरल किया जा रहा है ताकि लोगों को कम परेशानी का सामना करना पड़े.
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि सरकार का लक्ष्य डिजिटल गवर्नेंस को और मजबूत करना है, ताकि लोगों को सरकारी सेवाएं जल्दी और बिना किसी अनावश्यक परेशानी के मिल सकें. उन्होंने यह भी कहा कि सूचना प्रौद्योगिकी विभाग आगे भी तकनीक आधारित समाधान और बेहतर कार्यप्रणाली के जरिए नागरिक केंद्रित शासन को मजबूत बनाने पर लगातार काम करता रहेगा.







