दिल्ली : दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने होली की शुभकामनाओं के साथ देश की स्थिति पर गंभीर चिंता व्यक्त की है। इस क्रम में उन्होंने एक वीडियो संदेश जारी कर कहा कि वह भारत की भलाई के लिए पूरे दिन होली पर पूजा करेंगे। साथ ही लोगों से भी इसमें शामिल होने की अपील की है। केजरीवाल ने कहा कि उन्हें आप नेता सत्येंद्र जैन और मनीष सिसोदिया की गिरफ्तारी को लेकर चिंता नहीं है, बल्कि देश की स्थिति की चिंता है, क्योंकि ‘आम लोगों के लिए काम करने और उनकी बात सुनने वाला कोई नहीं बचा है।’
देश की स्थिति बहुत चिंताजनक है- अरविंद केजरीवाल
आम आदमी पार्टी के संस्थापक और संरक्षक केजरीवाल ने कहा कि, ‘जिस देश का प्रधानमंत्री लोगों को अच्छी शिक्षा और इलाज कराने वालों को सलाखों के पीछे डालते हैं, और देश को लूटने वालों का समर्थन करते हैं, उस देश की स्थिति बहुत चिंताजनक है।’ उन्होंने कहा कि, देशभर के सरकारी स्कूलों की स्थिति चिंताजनक है। आजादी के 75 साल बाद कोई ऐसा शख्स आया जिसने सरकार स्कूलों की काया पलट दी, वो शख्स हैं, मनीष सिसोदिया।
मनीष सिसोदिया और सत्येंद्र जैन को झूठे केस में जेल में डाल दिया- केजरीवाल
केजरीवाल ने कहा कि, सरकारी अस्पतालों का बुरा हाल है, यहां गरीब मजबूरी में अपना इलाज कराते हैं, आजादी के 75 साल बाद सत्येंद्र जैन के रूप में ऐसा शख्स आया, जिसने सरकारी अस्पतालों की काया पलट दी।उन्होंने आगे कहा कि, दूसरी ओर एक शख्स है, जिसने भारत की जनता का अरबों-खरबों पैसा लूट लिया। पीएम मोदी ने मनीष सिसोदिया और सत्येंद्र जैन को झूठे केस में जेल में डाल दिया और देश को लूटने वाले शख्स को गले लगा लिया।
केजरीवाल ने कहा कि, ‘मैंने फैसला किया है कि मैं देश की बेहतरी के लिए होली पर पूरे दिन प्रार्थना और पूजा करूंगा। अगर आपको भी लगता है कि प्रधानमंत्री ठीक नहीं कर रहे हैं, अगर आप देश की स्थिति के बारे में बहुत चिंतित हैं, तो मेरी एक अपील है- होली मनाने के बाद कृपया कुछ समय मेरे साथ पूजा करने के लिए शामिल हों।
‘आप’ पार्टी ने सिसोदिया की गिरफ्तारी को बताया बीजेपी की चाल
केजरीवाल की अपील दिल्ली आबकारी नीति 2021-22 के निर्धारण और कार्यान्वयन में कथित अनियमितताओं की जांच के सिलसिले में आप नेता मनीष सिसोदिया को केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा गिरफ्तार किए जाने के एक सप्ताह बाद आई है। आम आदमी पार्टी और दिल्ली सरकार ने सिसोदिया के खिलाफ आरोपों को खारिज कर दिया है और आरोप लगाया है कि यह भाजपा शासित केंद्र द्वारा अपने राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों को निशाना बनाने की चाल है।







