Upgrade
पहल टाइम्स
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
No Result
View All Result
पहल टाइम्स
No Result
View All Result
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • ईमैगजीन
Home राष्ट्रीय

समंदर में किस देश का कहां तक होता है अधिकार, कैसे तय होती है पानी पर सीमा?

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
October 14, 2024
in राष्ट्रीय
A A
Indian Maritime Border
16
SHARES
547
VIEWS
Share on FacebookShare on Whatsapp

नई दिल्ली: दुनिया के हर देश की एक सीमा निर्धारित है. कौन सा देश कहां तक है और कितनी जगह में फैला है, यह सब हम देश-दुनिया के नक्शे में जान लेते हैं. जिस तरह से यह धरती देशों में बंटी हुई है, उसी तरह से समंदर पर भी बॉर्डर तय की गई हैं. जी हां, जैसे किसी देश की जमीनी सीमा होती है, वैसे ही समुद्री सीमा भी होती है. आइए जानते हैं कि कितनी दूर तक होता है किसी देश का अधिकार और कैसे किसी देश की मैरीटाइम बाउंड्री तय की जाती है.

मैरीटइम लॉ ट्रिटी

इन्हें भी पढ़े

नेता उमर अब्दुल्ला

फिर PM मोदी के मुरीद हुए INDIA अलायंस के CM!

September 15, 2026
upi and rupay

2,000 रुपये तक UPI पेमेंट पर नहीं लगेगा चार्ज, केंद्र सरकार का बैंकों को सख्त आदेश

September 15, 2026
Baba Ramdev

ब्रिक्स डिनर में शाकाहारी भोजन पर विवाद, रामदेव बोले- इसे धर्म से जोड़ना बौद्धिक दिवालियापन

September 15, 2026
upi and rupay

यूपीआई पेमेंट पर 2,000 रुपये की सीमा से क्यों बढ़ी चिंता? जानिए क्या है सरकार का नया नियम !

September 15, 2026
Load More

संयुक्त राष्ट्र समुद्री कानून संधि (UNCLOS-1982)के तहत समुद्री सीमा से जुड़े नियम और कानून भी तय किए गए. UNCLOS का फुल फॉर्म United Nations Convention on The Law of The Sea है. यह संधि एक अंतरराष्ट्रीय समझौता है, जो सभी सागरों और महासागरों पर अलग-अलग देशों के अधिकार, सीमाएं और उनकी जिम्मेदारियां तय करता है. इसमें समुद्री साधनों के इस्तेमाल के नियम भी तय किए गए हैं. इसी के तहत दो देशों के बीच समुद्री सीमा विवाद भी हल किए जाते हैं.

ऐसे तय होती हैं सीमाएं

संयुक्त राष्ट्र ने इस कानून को साल 1982 में अपनाया था. हालांकि, यह नवंबर 1994 से प्रभाव में आया. भारत ने इसे 1995 में UNCLOS को अपनाया. UNCLOS के तहत समुद्र के संसाधनों को तीन क्षेत्रों आंतरिक जल, प्रादेशिक सागर और अनन्य आर्थिक क्षेत्र में बांटा गया है.

आंतरिक जल (Internal Waters-IW):इसे आधार सीमा भी कहा जाता है. यह क्षेत्र बेसलाइन की भूमि के किनारे पर होता है. आधार सीमा देश के जमीनी सतह से 12 नॉटिकल माइल  (करीब 22.22) किलोमीटर तक होती है, जिसमें तहत उस देश के आस-पास के द्वीप भी आते हैं.

प्रादेशिक सागर (Territorial Sea-TS):यह बेसलाइन से 12 समुद्री मील की दूरी तक फैला हुआ होता है, जिसे क्षेत्रीय सीमा भी कहा जाता है. क्षेत्रीय सीमा जमीनी सतह से 24 नॉटिकल माइल  (करीब 44.44 किमी) तक होती है. इसमें उस देश का पूरा अधिकार होता है. इसके हवाई क्षेत्र, समुद्र, सीबेड और सबसॉइल पर कोस्टल कंट्रीज का राइट होता है, जिसमें  लीविंग और नॉन-लीविंग रिसोर्सेज शामिल हैं.

अनन्य आर्थिक क्षेत्र ( Exclusive Economic Zone-EEZ): एक्सक्लूसिव इकोनॉमिक जोन का दायरा बेसलाइन से 200 नॉटिकल माइल  (करीब 370 किमी) तक होता है. इसमें तटीय देशों को सभी प्राकृतिक संसाधनों की खोज, दोहन, संरक्षण और प्रबंधन का अधिकार होता है. इस सीमा के अंदर देश किसी भी तरह का समुद्री व्यापार कर सकता है और मछुआरे मछली पकड़ सकते हैं.

भारतीय समुद्री सीमा 7,516.6 किलोमीटर लंबी है, जिसमें मुख्य भूमि, लक्षद्वीप द्वीप समूह और अंडमान और निकोबार द्वीप समूह हैं. भारत की समुद्री सीमा पाकिस्तान, मालदीव, श्रीलंका, बांग्लादेश, म्यांमार, इंडोनेशिया और थाईलैंड से मिलती है.

इन्हें भी पढ़ें

  • All
  • विशेष
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
himalay

आपदाओं से जूझ रहे हिमालय में तापमान बढ़ने से बिगड़ेंगे हालात

March 27, 2023

पंच परिवर्तन बनेगा समाज परिवर्तन का सशक्त माध्यम

May 13, 2024
सनातन संस्कृति के संस्कारों

सनातन संस्कृति ने भारत को एकता के सूत्र में पिरोया

October 29, 2024
पहल टाइम्स

पहल टाइम्स का संचालन पहल मीडिया ग्रुप्स के द्वारा किया जा रहा है. पहल टाइम्स का प्रयास समाज के लिए उपयोगी खबरों के प्रसार का रहा है. पहल गुप्स के समूह संपादक शूरबीर सिंह नेगी है.

Learn more

पहल टाइम्स कार्यालय

प्रधान संपादकः- शूरवीर सिंह नेगी

9-सी, मोहम्मदपुर, आरके पुरम नई दिल्ली

फोन नं-  +91 11 46678331

मोबाइल- + 91 9910877052

ईमेल- pahaltimes@gmail.com

Categories

  • Uncategorized
  • खाना खजाना
  • खेल
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • दिल्ली
  • धर्म
  • फैशन
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • विश्व
  • व्यापार
  • साक्षात्कार
  • सामाजिक कार्य
  • स्वास्थ्य

Recent Posts

  • फिर PM मोदी के मुरीद हुए INDIA अलायंस के CM!
  • 2,000 रुपये तक UPI पेमेंट पर नहीं लगेगा चार्ज, केंद्र सरकार का बैंकों को सख्त आदेश
  • दिल्ली में बनेंगे 500 आधुनिक सार्वजनिक शौचालय ब्लॉक, EFC ने मंजूर किए ₹266 करोड़

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.

  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.