Upgrade
पहल टाइम्स
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
No Result
View All Result
पहल टाइम्स
No Result
View All Result
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • ईमैगजीन
Home राष्ट्रीय

कभी चलता था सहारा का सिक्का, फिर एक दिन कैसे सब हो गया खत्म?

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
November 15, 2023
in राष्ट्रीय
A A
Sahara
26
SHARES
866
VIEWS
Share on FacebookShare on Whatsapp

नई दिल्ली. सहारा ग्रुप बहुत लंबे समय तक भारतीय क्रिकेट टीम और भारतीय हॉकी टीम का स्पॉन्सर रहा था. एक समय पर यह भारत का दूसरा सबसे बड़ा नियोक्ता था. खबरों के मुताबिक, सहारा के पास लगभग 14 लाख कर्मचारी थे. कंपनी का मूल्यांकन 2 लाख करोड़ रुपये से भी अधिक था. यह सब हासिल हुआ था एक सितारे के कारण जो बिहार के अररिया से निकलकर देश के व्यावसायिक आसमान पर छा गया था. इस सितारे का नाम था सुब्रत रॉय सहारा, जिन्हें उनकी कंपनी के कर्मचारी सहारा श्री के नाम से बुलाते थे.

सुब्रत रॉय सहारा का मंगलवार रात 75 वर्ष की आयु में मुंबई के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया. वह लंबे समय से बीमारी से जूझ रहे थे. सुब्रत रॉय का जन्म बिहार के अररिया में हुआ था. उनके पिता इंजीनियर थे और सुब्रत भी कोलकाता से शुरुआती पढ़ाई के बाद इंजीनियरिंग के लिए गोरखपुर चले गए. हालांकि, पढ़ाई में वहां उनका मन नहीं लगा.

इन्हें भी पढ़े

पेट्रोल उत्पाद

संकट से निपटने भारत ने बनाया महा-प्लान, अब एक महीने का तेल-गैस रखेगा बैकअप

June 30, 2026
Modi Government

मॉनसून सत्र से पहले नरेंद्र मोदी कैबिनेट में फेरबदल संभव नहीं, समझिए कारण

June 30, 2026
dhiraj seth

‘टैंक अधिकारी’ के हाथों में भारतीय सेना की बागडोर, रेगिस्तान से लेकर पहाड़ तक अभियानों का है अनुभव 

June 30, 2026
general dhiraj seth

जनरल धीरज सेठ बने भारतीय सेना के नए प्रमुख, संभाली देश के 31वें आर्मी चीफ की कमान

June 30, 2026
Load More

बिस्किट नमकीन बेचना किया शुरू

वह बिजनेस करना चाहते थे. उन्होंने अपने दोस्त के साथ मिलकर एक स्कूटर पर नमकीन-बिस्किट बेचना शुरू किया. यह उनके व्यावसायिक करियर की शुरुआत थी. उन्होंने दोस्त के साथ मिलकर ही सहारा चिट फंड कंपनी की नींव रखी. यह स्कीम ऐसी थी कि इसे गांवों तक पहुंच मिल गई. एक समय था जब 100 रुपये की कमाई वाले लोग भी इसमें 20 रुपये का निवेश करके रिटर्न पा सकते थे. हालांकि, इस स्कीम पर 1980 में सरकार द्वारा रोक लगा दी गई.

हाउसिंग डेवलपमेंट में पैर

इसके बाद सहारा ने हाउसिंग डेवलपमेंट के क्षेत्र में कदम रखा. हालांकि, वे यहीं नहीं रुके. रियल एस्टेट, फाइनेंस, इंफ्रास्ट्रक्चर, मीडिया, एंटरटेनमेंट, हेल्थ केयर, हॉस्पिटैलिटी, रिटेल, इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी हर तरफ उन्होंने अपने पैर पसारे. वह भारत के दूसरे सबसे बड़े नियोक्ता भी बने. हालांकि, ये उपलब्धि हासिल करने से पहले उन्हें एक हल्का झटका लगा जब एक इनकम टैक्स ऑफिसर की नजर उनके कारोबार पर पड़ी. प्रसनजीत सिंह नाम के इस अधिकारी को कुछ हेरफेर दिखाई दी तो उन्होंने इसकी जांच करनी चाही. लेकिन सहारा के पॉलिटिकल कनेक्शन उस समय बहुत मजबूत थे. इसी के बल पर अधिकारी का ट्रांसफर करा दिया गया.

जुटाई अकूत दौलत

सुब्रत रॉय ने मुंबई व लखनऊ समेत देश के कई इलाकों में जमीनें खरीदी. लखनऊ में तो उन्होंने सहारा नाम से एक पूरा इलाका ही बसा डाला था. उनके पास देशभर में 750 एकड़ से ज्यादा जमीन है. इतना ही नहीं सहारा के पास अमेरिका में 4400 करोड़ के 2 होटल भी हैं.

खराब समय की शुरुआत

सहारा के लिए बड़ी मुसीबत तब खड़ी हुई जब उन्होंने अपनी 2 कंपनियों के लिए 2009 में सेबी से आईपीओ लाने की अनुमति मांगी. जैसा कि आमतौर पर होता है सेबी ने उनसे कंपनी से जुड़े विस्तृत दस्तावेज जमा करने को कहा. सहारा ने ऐसा किया और सेबी को उसमें बड़ी गड़बड़ियां नजर आईं. सेबी ने पाया कि इन कंपनियों ने बिना लिस्ट हुए ही 3 करोड़ लोगों से 24000 करोड़ रुपये जुटाए थे. यह नियमों का उल्लंघन था और इसके लिए सहारा पर 12000 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया.

सुप्रीम कोर्ट से पंगा

सेबी ने जब सहारा से निवेशकों के दस्तावेज मांगे तो कंपनी की ओर से 127 ट्रक डॉक्यूमेंट्स भेजे गए. मामला सुप्रीम कोर्ट चला गया. सुप्रीम कोर्ट ने भी सेबी के पक्ष में फैसला दिया. सहारा को तगड़ा झटका तब लगा जब सुप्रीम कोर्ट ने सहारा को 24000 करोड़ रुपये निवेशकों को वापस करने के लिए कहा. इतना ही नहीं उन्हें निवेशकों को 15 फीसदी ब्याज के साथ इस रकम को वापस करने का आदेश दिया गया. सहारा ने फैसले को नहीं माना और वह कोर्ट में पेश भी नहीं हुए. कोर्ट की आदेश की अवहेलना के मामले में उन्हें 2014 में गिरफ्तार कर लिया गया. हालांकि, 2 साल बाद वह बेल पर जेल से बाहर आ गए लेकिन उनकी परेशानियां खत्म नहीं हुईं.

इन्हें भी पढ़ें

  • All
  • विशेष
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
Yati Narasimha Nanda

Pahalgam Attack: सर्वोच्च सत्ताधिकारियों से ‘हिंदू नरसंहार’ का उत्तर मांगने निकले यति नरसिंहानंद !

April 26, 2025
revolutionaries of Unnao

28 जुलाई: उन्नाव के क्रांतिकारियों का फिरंगियों से आज ही शुरू हुआ था युद्ध

July 28, 2024
rahul gandhi

राहुल गांधी के ‘हाइड्रोजन बम’ भाषण… वोट चोरी के आरोपों पर ‘H-Files’!

November 5, 2025
पहल टाइम्स

पहल टाइम्स का संचालन पहल मीडिया ग्रुप्स के द्वारा किया जा रहा है. पहल टाइम्स का प्रयास समाज के लिए उपयोगी खबरों के प्रसार का रहा है. पहल गुप्स के समूह संपादक शूरबीर सिंह नेगी है.

Learn more

पहल टाइम्स कार्यालय

प्रधान संपादकः- शूरवीर सिंह नेगी

9-सी, मोहम्मदपुर, आरके पुरम नई दिल्ली

फोन नं-  +91 11 46678331

मोबाइल- + 91 9910877052

ईमेल- pahaltimes@gmail.com

Categories

  • Uncategorized
  • खाना खजाना
  • खेल
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • दिल्ली
  • धर्म
  • फैशन
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • विश्व
  • व्यापार
  • साक्षात्कार
  • सामाजिक कार्य
  • स्वास्थ्य

Recent Posts

  • संकट से निपटने भारत ने बनाया महा-प्लान, अब एक महीने का तेल-गैस रखेगा बैकअप
  • mAadhaar ऐप का आज आखिरी दिन! नए ऐप में मिलेंगी सभी सर्विस
  • 30 जून को पेट्रोल-डीजल के नए रेट हुए अपडेट, चेक करें अपने शहर का भाव

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.

  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.