वैशाली। वैशाली जिले के बाढ़ प्रभावित राघोपुर इलाके में फसलों की तबाही का जायजा लेने बुधवार को केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में एक केंद्रीय टीम पहुंची। इस दौरान उनके साथ मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी भी मौजूद रहे। दोनों नेताओं ने तेरसिया दियारा क्षेत्र में बाढ़ से प्रभावित खेतों और किसानों की स्थिति का बारीकी से मुआयना किया। यह दौरा राज्य में बाढ़ से हुए फसल, मकान और बुनियादी ढांचे के नुकसान के आकलन के सिलसिले में हो रहा है।
तेरसिया पहुंचने के बाद केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और सम्राट चौधरी ने सबसे पहले नाव के जरिए बाढ़ प्रभावित इलाकों का जायजा लिया। इसके बाद दोनों नेता ट्रैक्टर पर सवार होकर जलजमाव वाले प्रभावित खेतों तक पहुंचे। प्रशासनिक स्तर पर ट्रैक्टर से निरीक्षण का कार्यक्रम तय किया गया था, लेकिन मौके पर पहुंचकर नेताओं ने जमीनी हकीकत को खुद परखने के लिए पहले जलमार्ग का उपयोग करने का निर्णय लिया।
सम्राट चौधरी ने पीएम का जताया आभार
केंद्रीय टीम ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण तथा स्थलीय निरीक्षण किया। केंद्रीय टीम भेजने के लिए मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार जताया है। बता दें कि राज्य सरकार द्वारा प्रभावित परिवारों को 7 हजार रूपये की अंतरिम अनुदान राशि जारी की गई है। क्षति का सटीक आकलन पूरा होने के बाद किसानों एवं प्रभावित परिवारों को नियमानुसार उचित मुआवजा उपलब्ध कराया जाएगा।
बाढ़ के कारण केले समेत भारी मात्रा में फसलें बर्बाद हुई हैं
राघोपुर का तेरसिया इलाका बड़े पैमाने पर केले की खेती के लिए जाना जाता है, लेकिन इस बार की बाढ़ ने यहां के किसानों की कमर तोड़ दी है। स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, बाढ़ के कारण केले समेत भारी मात्रा में फसलें बर्बाद हो चुकी हैं। किसानों के समक्ष अब फसल के नुकसान के साथ-साथ खेतों से पानी की निकासी और अगली फसल की तैयारी को लेकर गंभीर संकट खड़ा हो गया है।
दौरे के दौरान केंद्रीय टीम ने सीधे किसानों से संवाद कर उनके नुकसान की जानकारी ली। इससे पहले बिहार सरकार द्वारा केंद्रीय टीम के समक्ष फसल, मकान और आधारभूत ढांचे को हुए नुकसान की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने की तैयारी की गई थी।
तेरसिया और सरायपुर में निरीक्षण के बाद केंद्रीय टीम पटना में प्रशासनिक अधिकारियों के साथ एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक करेगी। इसके पश्चात टीम के मुंगेर और भागलपुर के बाढ़ प्रभावित इलाकों का भी दौरा करने का कार्यक्रम है।







