नई दिल्ली: रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव आज संसद में रेल बजट पर खूब बोले . सरकार की योजनाओं, रेल बजट, रेलवे के लिए योजनाओं को लेकर विस्तार से बात की. रेल मंत्री ने अश्विनी वैष्णव संसद में रेलवे सिक्योरिटी को लेकर विस्तार से बात की. रेल हादसे , रेलवे सिक्योरिटी को लेकर बात की. उन्होंने संसद में यूपीए और मोदी सरकार के बीच के कामों का जिक्र किया.
रेलवे ट्रैक पर फोकस
रेलवे ट्रैक की सुरक्षा को लेकर रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि ट्रैक फेलियर रेलवे के लिए बड़ी समस्या होती थी. मोदी सरकार ने ट्रैक फेल पर बड़ा फोकस किया . रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि यूपीए के समय में 32000 किमी ट्रैक का नवीकरण होता था, वहीं एनडीए सरकार में उसकी जगह 43000 किमी का नवीकरण हुआ. रेल मंत्री ने अल्ट्रा सोनिक फ्लो डिटेक्शन तकनीक के बारे में बात करते हुए कहा कि पिछले 10 वर्षों में 52000 अल्ट्रासोनिक क्रैक डिटेक्शन किए गए, जिसके साथ उसमें नॉलेज इंप्रूव किया गया.
कागज फाड़कर समझाया तकनीक
रेल मंत्री ने कागज के पन्ने के साथ इसे समझाते हुए सदन में बताया कि कैसे यह तकनीक काम करती है. उन्होंने बताया कि पुरानी तकनीक में एक व्यक्ति अल्ट्रासॉनिक मशीन लेकर रेलवे ट्रैक पर जाता था. इससे जितना डेटा आता था, उससे पूरी एक्यूरेसी नहीं आ पाती थी. इसलिए सरकार ने फेज अरे अल्ट्रा सोनिक मशीन को डेवलप किया गया है. रेल मंत्री ने बताया कि लगभग हर जोन में इस तकनीक को लागू किया गया है, ताकि ट्रैक में कोई भी गड़बड़ हो तो उसे तुरंत ठीक किया जा सके. उन्होंने कहा कि इसका फायदा भी मिला. 2014 के मुकाबले 2023 तक ट्रैक फैक्चर के मामले में 85 फीसदी की कमी आई है.
रेल हादसों पर पूछा सवाल को गरम हो गए मंत्री जी
रेल हादसों को लेकर जब रेल मंत्री अश्विवी वैष्णव आंकड़े पेश कर रहे थे तो विपक्ष ने हंगामा मचाना शुरू कर दिया. विपक्ष के हंगामे के बीच रेल मंत्री गुस्से में आ गए, उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके समय में रेल हादसों को स्केल पर नापा जाता था. कांग्रेस सोची-समझी साजिश के तहत अपने ट्रोल आर्मी के जरिए लोगों के मन में रेल को लेकर डर पैदा कर रही है. छोटी-छोटी बातों को बड़ा बनाया जा रहा है. 2 करोड़ लोग जो रेल से फर करते हैं उनके मन में डर पैदा करने की कोशिश को रही है.







