Upgrade
पहल टाइम्स
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
No Result
View All Result
पहल टाइम्स
No Result
View All Result
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • ईमैगजीन
Home विश्व

भारत-रूस की दोस्ती इतनी गहरी क्यों, दोनों एक-दूसरे से कितने हथियार खरीद रहे?

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
October 22, 2024
in विश्व
A A
modi-putin
13
SHARES
426
VIEWS
Share on FacebookShare on Whatsapp

नई दिल्ली: ब्रिक्स सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रूस रवाना हो गए हैं, जहां वह दो दिन रहेंगे. रूस के कजान शहर में आयोजित सम्मेलन के इतर वह कई देशों के राष्ट्राध्यक्षों के साथ द्विपक्षीय बैठक भी करेंगे. इसमें सबसे महत्वपूर्ण होगी प्रधानमंत्री मोदी और भारत के सबसे गहरे दोस्त रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की मुलाकात. रूस-यूक्रेन और इजराइल व अन्य देशों के बीच चल रहे युद्धों के बीच भारत-रूस की द्विपक्षीय बैठक पर दुनिया भर की नजरें टिकी रहेंगी, क्योंकि यूक्रेन युद्ध के बावजूद भारत ने रूस से हथियार और तेल न केवल खरीदे हैं, बल्कि उसे हथियार मुहैया भी कराए हैं.

दशकों पुराना मजबूत संबंध

इन्हें भी पढ़े

India will not be able to go to Iran

ईरान नहीं जा पाएगा भारत में जुटाया गया चंदा! जानिए क्यों?

April 2, 2026
Himalaya

हिमालय की ऊंचाइयों पर चल रहा ‘खेल’, स्कैम की कहानी चौंकाएगी

April 1, 2026
nato

अमेरिका ही छोड़ सकता है NATO, जानिए वजह

April 1, 2026
Strait of Hormuz

ईरान के ‘टोल प्लान’ से जंग का नया मुद्दा बना होर्मुज?

April 1, 2026
Load More

भारत और रूस के बीच दशकों पुराना बेहद मजबूत रक्षा संबंध है. भारतीय सेनाओं में आज भी 85 फीसदी से ज्यादा उपकरण रूसी मूल के ही हैं. भारत के पुराने शेर मिग-21 लड़ाकू विमान रहे हों या फिर सुखोई जेट, ब्रह्मोस मिसाइल से लेकर एस-400 मिसाइल सिस्टम तक रूस ही भारत को देता आया है. स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट (एसआईपीआरआई) की इसी साल मार्च में आई एक रिपोर्ट में कहा गया है कि पिछले पांच सालों में भारत दुनिया का सबसे बड़ा हथियार आयातक देश बन गया है. इस आयात में रूस की सबसे ज्यादा हिस्सेदारी है.

भारत के हथियार आयात में इतनी हिस्सेदारी

साल 2014 से 2018 और 2019 से 2020 के बीच भारत का हथियार आयात 4.7 फीसदी बढ़ा है. इस दौरान भारत ने अपने कुल हथियार आयात का 45 फीसदी हिस्सा रूस से ही लिया है. रूस के कुल हथियार निर्यात में यह हिस्सेदारी 36 फीसदी है. हालांकि, रूस-यूक्रेन युद्ध के कारण इसमें गिरावट भी दर्ज की गई है. रिपोर्ट में कहा गया है कि साल 1960-64 के सोवियत संघ के दौर के बाद पहली बार भारत के हथियार आयात में रूस की हिस्सेदारी घट कर 50 फीसदी से कम हो गई है.

रूस ने वोस्त्रो खातों के जरिए खरीदे चार अरब डॉलर के हथियार

यही नहीं, भारत और रूस के बीच व्यापार के लिए अब भारतीय रुपए का इस्तेमाल हो रहा है. खासकर रूस के व्यापारियों ने भारतीय रुपए में व्यापार शुरू किया है. इसके लिए वोस्त्रो खाते भी खोले गए हैं. रूस-यूक्रेन युद्ध के कारण अमेरिका ने रूस पर प्रतिबंध लगाए तो इन खातों में रूसी व्यापारियों के आठ अरब डॉलर फंस गए. मीडिया रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि भारत में निवेश के अवसर घटने से भी ये रुपए फंसे थे.

रूस-यूक्रेन युद्ध के दौरान इन खातों का इस्तेमाल रूसी व्यापारियों ने भारत से हथियार और अन्य साज-ओ-सामान की खरीदारी के लिए किया. वास्त्रो खाते में पड़े चार अरब डॉलर से रूस ने भारत से हथियार खरीद लिए हैं.

इतनी गहरी है दोनों देशों की दोस्ती

भारत और रूस की दोस्ती सात दशक से भी पुरानी है. सोवियत संघ के दौर में पश्चिमी देश, खासकर अमेरिका पूरी तरह से पाकिस्तान के साथ खड़े थे. ऐसे में सोवियत संघ ने आगे बढ़कर भारत का साथ दिया और अमेरिका ने जब भारत-पाक युद्ध के दौरान अपना जंगी जहाज भारत पर हमले के लिए रवाना किया था, तब रूस ने भारत की रक्षा के लिए अपना जंगी बेड़ा रवाना कर दिया था. भारत के परमाणु परीक्षण के बाद अमेरिका समेत पश्चिमी देशों ने प्रतिबंध लगाए, तब भी रूस ने भारत का साथ दिया था. सच में कहें तो जब भी भारत मुश्किल में पड़ा, रूस ने साथ दिया. इसीलिए रूस-यूक्रेन युद्ध के दौरान भी किसी न किसी रूप में भारत रूस के साथ खड़ा रहा.

इस दौर में भी रूस ने भारत को सस्ता कच्चा तेल मुहैया कराया तो तेल खरीदकर अप्रत्यक्ष रूप से भारत ने अपने साथ ही रूस की भी मदद की. रूस की चीन से नजदीकी और भारत की अमेरिकी से करीबी भी इसमें आड़े नहीं आई.

विदेश मंत्री के बयान से समझें भारत-रूस की दोस्ती के मायने

रूस और भारत की दोस्ती का कारण पिछले साल अक्तूबर में ही कैनबरा में दिए गए विदेश मंत्री एस जयशंकर के बयान से पता चल जाता है. उस वक्त विदेश मंत्री ने पूछा गया था कि यूक्रेन के खिलाफ रूसी आक्रमण के चलते क्या भारत रूस पर हथियारों की निर्भरता घटाएगा? इस पर उन्होंने कहा था कि रूस-भारत के बीच काफी लंबे समय से संबंध है.

सोवियत संघ के दौर में और बाद में रूस से खरीदे जाने वाले हथियारों की सूची लंबी है, जो कई कारणों से बढ़ती रही. खासकर पश्चिमी देशों ने भारत को हथियार देने के बजाय पड़ोसी देश पाकिस्तान में सैन्य तानाशाही का साथ दिया.

यह बात और है कि भारत-पाकिस्तान शीत युद्ध के दौरान भी पश्चिमी देश पाकिस्तान का साथ देते रहे पर बाद में उनको अक्ल आई. अब अमेरिका जैसे देश भी भारत को साथ लेने के लिए तत्पर दिखते हैं. यहां तक कि परमाणु परीक्षण के बाद भारत पर प्रतिबंध लगाने वाला अमेरिका साल 2008 से इसे सिविल जरूरतों को पूरा करने के लिए परमाणु ऊर्जा भी मुहैया करा रहा है.

इन्हें भी पढ़ें

  • All
  • विशेष
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
CSIR-IHBT

CSIR-IHBT में सतत सुगंधित खेती-उद्योग, किसान और शैक्षणिक सम्मेलन का हुआ आयोजन

September 25, 2024

दिल्ली : सरकार बदल गई, लेकिन नहीं बदला तो भ्रष्टाचारी चेहरा!

February 26, 2024

भारत की नकल करना पाकिस्‍तान को पड़ेगा भारी!

June 13, 2023
पहल टाइम्स

पहल टाइम्स का संचालन पहल मीडिया ग्रुप्स के द्वारा किया जा रहा है. पहल टाइम्स का प्रयास समाज के लिए उपयोगी खबरों के प्रसार का रहा है. पहल गुप्स के समूह संपादक शूरबीर सिंह नेगी है.

Learn more

पहल टाइम्स कार्यालय

प्रधान संपादकः- शूरवीर सिंह नेगी

9-सी, मोहम्मदपुर, आरके पुरम नई दिल्ली

फोन नं-  +91 11 46678331

मोबाइल- + 91 9910877052

ईमेल- pahaltimes@gmail.com

Categories

  • Uncategorized
  • खाना खजाना
  • खेल
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • दिल्ली
  • धर्म
  • फैशन
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • विश्व
  • व्यापार
  • साक्षात्कार
  • सामाजिक कार्य
  • स्वास्थ्य

Recent Posts

  • अब PF निकालना चुटकियों का काम, UPI से मिनटों में मिलेगा पैसा
  • राघव चड्ढा की कुर्सी क्यों छीन ली? इन वजहों की शुरू हुई चर्चा
  • एमएस धोनी जल्द कर सकते हैं मैदान पर वापसी?

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.

  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.