आयुष गांधी
हेल्थ डेस्क
नई दिल्ली : दिल्ली में कोरोना वायरस से 22 वर्षीय युवती की मौत की खबर सामने आई है। यह जानकारी 2 जून 2025 को प्रकाशित समाचारों के आधार पर है। इस युवती को पहले से टीबी (लंग्स डिजीज) और रेस्पिरेटरी ट्रैक इंफेक्शन जैसी गंभीर बीमारियां थीं, जिसके कारण कोविड-19 संक्रमण ने उसकी स्थिति को और गंभीर कर दिया, जिसके परिणामस्वरूप उसकी मृत्यु हो गई। यह दिल्ली में इस साल कोविड-19 से होने वाली दूसरी मौत थी।
पिछले 24 घंटों में दिल्ली में 47 नए कोविड-19 मामले दर्ज किए गए हैं, जिसके बाद राष्ट्रीय राजधानी में सक्रिय मामलों की संख्या बढ़कर 294 हो गई है। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के अनुसार, देशभर में सक्रिय मामलों की संख्या 3,961 तक पहुंच गई है, जिसमें दिल्ली के इन नए मामलों का योगदान भी शामिल है।
युवती को टीबी और रेस्पिरेटरी ट्रैक इंफेक्शन
मृतक युवती को पहले से टीबी और रेस्पिरेटरी ट्रैक इंफेक्शन था, जिसने कोविड-19 के प्रभाव को और गंभीर कर दिया। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, “नया वेरिएंट (जैसे LF.7 और NB.1.8) ज्यादातर मामलों में हल्के लक्षण पैदा कर रहा है, लेकिन कमजोर इम्यून सिस्टम या पहले से गंभीर बीमारियों से पीड़ित लोगों के लिए यह खतरनाक हो सकता है।
दिल्ली में क्या है स्थिति !
दिल्ली में पिछले 24 घंटों में 47 नए मामले सामने आए, जो हाल के दिनों में बढ़ते मामलों का संकेत देता है। इससे पहले 31 मई को 56 नए मामले दर्ज किए गए थे, जिसके बाद सक्रिय मामलों की संख्या 294 हो गई थी। दिल्ली में कोविड-19 की स्थिति को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने सतर्कता बढ़ा दी है। अस्पतालों में मॉक ड्रिल की तैयारी की जा रही है ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके।
देशभर में नए कोविड-19 के मामले
देशभर में पिछले 24 घंटों में 203 नए कोविड-19 मामले दर्ज किए गए हैं, और कुल चार मौतें हुई हैं, जिनमें दिल्ली, तमिलनाडु, महाराष्ट्र, और केरल में एक-एक मौत शामिल है। भारत में कुल सक्रिय मामलों की संख्या 3,961 हो गई है, जिसमें केरल (1,147 मामले), महाराष्ट्र (424 मामले), और दिल्ली (294 मामले) सबसे अधिक प्रभावित राज्य हैं।
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने LF.7 और NB.1.8 सबवेरिएंट्स को निगरानी में रखे जाने वाले वेरिएंट्स के रूप में चिह्नित किया है, जो इस समय संक्रमण में वृद्धि का कारण बन रहे हैं।
स्वास्थ्य विभाग की सलाह
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि “लोग घबराएं नहीं, लेकिन सावधानी बरतें। खासकर बुजुर्गों और गंभीर बीमारियों से पीड़ित लोगों को मास्क पहनने, भीड़भाड़ से बचने, और समय-समय पर जांच कराने की सलाह दी गई है।”
वैक्सीन की बूस्टर डोज लेने और केवल सरकारी या विश्वसनीय स्रोतों से जानकारी लेने की सिफारिश की गई है। नोएडा में 14 नए मामले सामने आए हैं, जिसके बाद वहां सक्रिय मामलों की संख्या 57 हो गई है। सभी मरीज होम आइसोलेशन में हैं। गाजियाबाद में 5 नए मामले दर्ज किए गए हैं, जिसके बाद वहां सक्रिय मामलों की संख्या 19 हो गई है।
विशेष सावधानी बरतने की जरूरत
दिल्ली में कोविड-19 के मामलों में वृद्धि चिंता का विषय है, लेकिन स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि “स्थिति नियंत्रण में है। ज्यादातर मरीजों में हल्के लक्षण हैं, और होम आइसोलेशन में उनका इलाज चल रहा है। हालांकि, गंभीर बीमारियों से पीड़ित लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। स्वास्थ्य विभाग और सरकार स्थिति पर नजर रखे हुए हैं और लोगों से सतर्कता बरतने की अपील कर रहे हैं।”







