मास्को: अमेरिका ने रूस के जब्त जहाज मैरिनेरा पर सवार क्रू के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने का दावा किया है. वहीं रूसी विदेश मंत्रालय ने एक बयान जारी कर कहा है कि वो अमेरिकी कर्मियों के जहाज पर सवार होने की खबरों पर करीबी नजर रखे हुए है. मंत्रालय ने कहा है कि रूस ने अमेरिका से मांग की है कि वह टैंकर पर सवार रूसी नागरिकों के साथ मानवीय व्यवहार कर और उनके अधिकारों का पूरा सम्मान सुनिश्चित करे और उन्हें जल्द से जल्द वापस घर भेजे.
अमेरिका की अटॉर्नी जनरल पाम बॉन्डी ने एक्स सोशल नेटवर्क पर लिखा कि यूएस अधिकारी जब्त किए गए मैरिनेरा टैंकर, जिसे बेला-1 के नाम से भी जाना जाता है, उसके क्रू मेंबर्स के खिलाफ क्रिमिनल केस दर्ज किया जाएगा. पाम बॉन्डी ने कहा- ‘जहाज कर्मियों ने टैंकर को बचाने की बहुत कोशिश की, जो वेनेजुएला और ईरान से बैन तेल को ट्रांसपोर्ट करने कर रहा था.’ इस जहाज पर सवाल क्रू रूसी नागरिक थे, ऐसे में ये मुद्दा आने वाले वक्त में बढ़ सकता है.
रूसी टैंकर से सदस्यों पर क्रिमिनल केस
पाम बॉन्डी ने कहा है कि कोस्ट गार्ड का आदेश न मानने की वजह से, इस जहाज के सदस्यों की पूरी जांच हो रही है और सभी दोषी लोगों के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज किया जाएगा. अटॉर्नी जनरल ने आगे कहा है कि डिपार्टमेंट ऑफ जस्टिस इसी तरह की कार्रवाई के लिए कई दूसरे जहाजों पर नजर रख रहा है – किसी भी जहाज पर कोई भी व्यक्ति जो कोस्ट गार्ड या दूसरे संघीय अधिकारियों के निर्देशों का पालन नहीं करता है, उसकी जांच की जाएगी और कानून के हिसाब से उस पर मुकदमा चलाया जाएगा.
रूसी नागरिकों को ले जाएंगे अमेरिका!
इससे पहले व्हाइट हाउस की प्रेस सेक्रेटरी कैरोलिन लेविट ने एक पत्रकार वार्ता में कहा कि अमेरिका, फेडरल यूएस कानून के कथित उल्लंघन के मामले में संभावित न्यायिक प्रक्रिया के लिए मैरिनेरा क्रू को यूनाइटेड स्टेट्स ले जा सकता है. अमेरिका ने बुधवार वेनेजुएला से तेल खरीदने जा रहे 2 टैंकरों को पकड़ा था, इसमें से एक रूस का जहाज मैरिनेरा और दूसरे का नाम सोफिया था. रूसी न्यूज एजेंसी तास के अनुसार, रूस के ट्रांसपोर्ट मंत्रालय ने कहा कि 1982 के यूएन कन्वेंशन ऑन द लॉ ऑफ द सी के नियमों के मुताबिक किसी भी देश को दूसरे देशों के अधिकार क्षेत्र में पंजीकृत जहाजों के खिलाफ ताकत इस्तेमाल करने का अधिकार नहीं है. अमेरिका ने रूसी झंडे वाला तेल टैंकर मैरिनेरा को उत्तरी अटलांटिक में, जबकि दूसरा जहाज कैरिबियन सी में पकड़ा था. ये दोनों जहाज कुछ घंटे के अंतराल पर पकड़े गए.







