नई दिल्ली। ट्रेन में सफर के दौरान तेज आवाज में फोन पर बात करना या बिना ईयरफोन के वीडियो और गाने चलाना अब यात्रियों को भारी पड़ सकता है. दक्षिण रेलवे ने इस तरह के व्यवहार पर रोक लगाने के लिए अपने सभी संबंधित डिवीजनों को जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया है. इसका मकसद ट्रेन में सफर करने वाले सभी यात्रियों को आरामदायक माहौल देना है.
दक्षिण रेलवे के 6 अक्टूबर 2026 के निर्देश के अनुसार, यात्रियों को तेज आवाज में बात करने और फोन के स्पीकर पर गाने या वीडियो चलाने से बचने के लिए कहा जाएगा. इसके लिए रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में घोषणाएं की जाएंगी. यात्रियों को स्थानीय भाषाओं के साथ हिंदी और अंग्रेजी में भी संदेश दिया जाएगा.
तेज आवाज में फोन चलाने पर हो सकती है कार्रवाई
रेलवे के सुझाए गए संदेश में यात्रियों से कहा गया है कि वे यात्रा के दौरान फोन पर धीमी आवाज में बात करें और संगीत या वीडियो सुनने के लिए ईयरफोन का इस्तेमाल करें. रेलवे का कहना है कि तेज आवाज में फोन चलाने से दूसरे यात्रियों की नींद और आराम में परेशानी होती है. निर्देश में रेलवे एक्ट की धारा 145 का भी उल्लेख किया गया है. इसके तहत उपद्रव करने या दूसरे यात्रियों की यात्रा में बाधा डालने जैसे मामलों में कार्रवाई हो सकती है. निर्देश में 1,000 रुपये तक के जुर्माने और छह महीने तक की जेल का भी जिक्र है. हालांकि, किसी मामले में कार्रवाई और सजा का फैसला लागू कानूनी प्रावधानों और घटना की परिस्थितियों के अनुसार होगा.
रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में होंगी घोषणाएं
दक्षिण रेलवे ने चेन्नई, पलक्कड़, तिरुवनंतपुरम, तिरुचिरापल्ली, मदुरै और सलेम डिवीजनों के अधिकारियों को इस निर्देश पर अमल करने को कहा है. यात्रियों को जागरूक करने के लिए लाउडस्पीकर से घोषणाएं करने के साथ नोटिस भी लगाए जाएंगे. रेलवे का मानना है कि मोबाइल इंटरनेट और वीडियो ऐप के बढ़ते इस्तेमाल के कारण सार्वजनिक जगहों पर फोन के स्पीकर से तेज आवाज में कंटेंट चलाने की समस्या बढ़ी है. ऐसे में यात्रियों को दूसरों की सुविधा का ध्यान रखने के लिए जागरूक करना जरूरी है.
पुराने निर्देश में भी दी गई थी सलाह
रेलवे बोर्ड ने 23 जुलाई 2012 को भी इस तरह की शिकायतों पर निर्देश जारी किया था. उस समय रेलवे कोच, खासकर एसी डिब्बों में तेज आवाज में मोबाइल पर बात करने, लंबी बातचीत करने और तेज रिंगटोन बजाने की शिकायतें मिली थीं. रेलवे बोर्ड ने यात्रियों को फोन साइलेंट या वाइब्रेशन मोड पर रखने, धीमी रिंगटोन इस्तेमाल करने और तेज आवाज में बातचीत से बचने की सलाह दी थी.
यात्रियों को किन बातों का रखना चाहिए ध्यान?
ट्रेन में सफर करते समय फोन पर बात करते हुए आवाज धीमी रखें. गाने सुनने या वीडियो देखने के लिए ईयरफोन का इस्तेमाल करें. रात के समय और एसी कोच में दूसरे यात्रियों की नींद और आराम का विशेष ध्यान रखें.







