नई दिल्ली। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI का इस्तेमाल तेजी से बढ़ रहा है. पढ़ाई से लेकर नौकरी और कारोबार तक इसका इस्तेमाल हो रहा है. ऐसे में केंद्र सरकार भी लोगों को AI और इससे जुड़ी नई तकनीकों की ट्रेनिंग देने के लिए कई कार्यक्रम चला रही है. इनका बड़ा हिस्सा स्किल इंडिया डिजिटल हब के जरिए ऑनलाइन उपलब्ध है.
अगर आप AI की शुरुआत करना चाहते हैं या इससे जुड़ी नौकरी के लिए अपनी स्किल बढ़ाना चाहते हैं, तो सरकार की ओर से चलाए जा रहे इन कोर्स और ट्रेनिंग कार्यक्रमों के बारे में जानना आपके काम आ सकता है.
SOAR के जरिए ऑनलाइन सीखें AI
सरकार ने AI सीखने के लिए SOAR यानी स्किलिंग फॉर AI रेडीनेस कार्यक्रम शुरू किया है. इसे स्किल इंडिया डिजिटल हब के जरिए चलाया जा रहा है.
शुरुआत में इसमें चार बेसिक कोर्स शामिल किए गए थे. इनमें AI को समझने, AI का इस्तेमाल करने, AI के जरिए आगे बढ़ने और शिक्षकों के लिए AI से जुड़े कोर्स शामिल थे. बाद में इसका विस्तार किया गया और अब इसमें AI तथा AI के इस्तेमाल से जुड़े 50 कोर्स शामिल हैं.
इन कोर्स में नौकरी, काम की उत्पादकता और अलग-अलग क्षेत्रों में AI के इस्तेमाल से जुड़ी जानकारी दी जाती है. सरकारी आंकड़ों के अनुसार 6 अगस्त 2026 तक SOAR के तहत 5,17,477 लोगों ने नामांकन कराया था और 1,00,664 लोग सर्टिफिकेट हासिल कर चुके थे.
शुरुआत करने वालों के लिए भी AI कोर्स
अगर आपको AI के बारे में ज्यादा जानकारी नहीं है और आप बिल्कुल शुरुआत से सीखना चाहते हैं, तो स्किल इंडिया डिजिटल हब पर शुरुआती स्तर के कोर्स उपलब्ध हैं.
इनमें AI की बुनियादी जानकारी, मशीन लर्निंग, जनरेटिव AI, डेटा, एल्गोरिदम और ऑटोमेशन जैसे विषयों को समझाया जाता है. ऐसे कोर्स उन लोगों के लिए उपयोगी हो सकते हैं जो बिना किसी तकनीकी पृष्ठभूमि के AI को समझना चाहते हैं.
स्किल इंडिया डिजिटल हब पर अलग-अलग स्तर के AI कोर्स उपलब्ध हैं. इसलिए शुरुआत करने से पहले अपनी पढ़ाई और जरूरत के हिसाब से कोर्स चुन सकते हैं.
PMKVY में भी AI की ट्रेनिंग
PIB के अनुसार प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना यानी PMKVY 4.0 में भी AI से जुड़े कई काम और ट्रेनिंग शामिल किए गए हैं.
इसके तहत AI के साथ मशीन लर्निंग, डेटा साइंस, इंटरनेट ऑफ थिंग्स, साइबर सिक्योरिटी, क्लाउड कंप्यूटिंग, रोबोटिक्स, ड्रोन, सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रिक वाहन और 5G जैसी नई तकनीकों की ट्रेनिंग दी जा रही है.
सरकारी आंकड़ों के अनुसार 30 जून 2026 तक PMKVY 4.0 के भविष्य की तकनीकों से जुड़े कामों में 5,44,383 लोगों को ट्रेनिंग या ओरिएंटेशन दिया गया और 3,73,766 लोग सर्टिफाइड हुए. वहीं AI से जुड़े खास जॉब रोल में 53,449 लोगों को ट्रेनिंग या ओरिएंटेशन दिया गया और 25,466 लोगों को सर्टिफिकेट मिला.
ITI में भी AI सीखने का मौका
सरकार ने ITI के स्तर पर भी AI को ट्रेनिंग का हिस्सा बनाया है. इसके लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस प्रोग्रामिंग असिस्टेंट का एक साल का कोर्स शुरू किया गया है.
इसके अलावा 240 घंटे का जनरेटिव AI कोर्स और 7.5 घंटे का AI माइक्रो-क्रेडेंशियल भी उपलब्ध कराया गया है. इन कोर्स का मकसद तकनीकी प्रशिक्षण ले रहे युवाओं को नई तकनीक से जोड़ना है.
AI के साथ मशीन लर्निंग और डेटा साइंस भी सीखें
सरकार के कौशल विकास कार्यक्रमों में केवल AI की बेसिक जानकारी ही नहीं, बल्कि मशीन लर्निंग और डेटा साइंस से जुड़े कोर्स भी शामिल हैं.
सरकारी जानकारी के अनुसार AI, मशीन लर्निंग और डेटा साइंस से जुड़े 119 राष्ट्रीय कौशल योग्यता ढांचे यानी NSQF से जुड़े और मंजूर कोर्स उपलब्ध हैं. इनमें नौकरी और अलग-अलग क्षेत्रों में AI के इस्तेमाल से जुड़े कोर्स भी शामिल हैं.
अप्रेंटिसशिप के जरिए भी सीख सकते हैं
AI और मशीन लर्निंग से जुड़े कामों में अप्रेंटिसशिप का विकल्प भी मौजूद है. राष्ट्रीय अप्रेंटिसशिप प्रोत्साहन योजना के तहत AI, मशीन लर्निंग, रोबोटिक्स, साइबर सिक्योरिटी और डेटा एनालिटिक्स जैसे क्षेत्रों में काम सीखने के मौके दिए जा रहे हैं.
सरकारी आंकड़ों के अनुसार पिछले तीन वर्षों में AI और मशीन लर्निंग से जुड़े कामों में 3,175 अप्रेंटिस जुड़े और 855 ने सर्टिफिकेशन पूरा किया.
घर बैठे कैसे शुरू करें AI की पढ़ाई?
AI सीखने के लिए सबसे पहले स्किल इंडिया डिजिटल हब पर उपलब्ध कोर्स देख सकते हैं. यहां ट्रेनिंग, परीक्षा, सर्टिफिकेट और रोजगार से जुड़ी सुविधाएं एक ही प्लेटफॉर्म पर दी जाती हैं.
SOAR के कोर्स ऑनलाइन और अपनी सुविधा के अनुसार किए जा सकते हैं. यानी हर कोर्स के लिए ट्रेनिंग सेंटर जाना जरूरी नहीं है.
अगर आप बिल्कुल नए हैं तो पहले AI की बेसिक जानकारी वाला कोर्स कर सकते हैं. इसके बाद अपनी जरूरत के हिसाब से मशीन लर्निंग, डेटा साइंस, जनरेटिव AI या किसी खास नौकरी से जुड़े कोर्स की ओर बढ़ सकते हैं.
AI सीखने में Skill India Assistant भी करेगा मदद
स्किल इंडिया डिजिटल हब में Skill India Assistant नाम का AI आधारित व्हाट्सऐप चैटबॉट भी जोड़ा गया है. यह आपकी जरूरत के हिसाब से कोर्स की जानकारी देने, नजदीकी ट्रेनिंग सेंटर खोजने और नौकरी से जुड़ी जानकारी देने में मदद कर सकता है.
इसमें सवाल पूछने और अपनी स्किल के हिसाब से कोर्स तलाशने की सुविधा भी दी गई है.
सरकार की इन पहलों के जरिए AI की बेसिक जानकारी से लेकर नौकरी से जुड़ी तकनीकी ट्रेनिंग तक कई विकल्प उपलब्ध कराए गए हैं. इसलिए AI सीखने की शुरुआत करने वाले लोग अपनी जरूरत, योग्यता और लक्ष्य के हिसाब से कोर्स चुन सकते हैं.






