प्रकाश मेहरा
एग्जीक्यूटिव एडिटर
नई दिल्ली: पंजाब में ड्रग्स केस को लेकर शिरोमणि अकाली दल (SAD) के वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया की गिरफ्तारी ने सियासी तूफान खड़ा कर दिया है। 25 जून को पंजाब विजिलेंस ब्यूरो और पंजाब पुलिस ने एक संयुक्त ऑपरेशन के तहत मजीठिया को उनके अमृतसर स्थित ग्रीन एवेन्यू आवास से गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई ‘युद्ध नशे के विरुद्ध’ अभियान का हिस्सा थी, जिसके तहत पूरे पंजाब में 25 ठिकानों पर छापेमारी की गई, जिसमें मजीठिया से जुड़े अमृतसर के 9 ठिकाने शामिल थे।
25 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी !
बुधवार सुबह विजिलेंस ब्यूरो और पंजाब पुलिस की 30 अधिकारियों की टीम ने मजीठिया के अमृतसर और चंडीगढ़ स्थित आवासों सहित 25 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। इस दौरान 29 मोबाइल फोन, 4 लैपटॉप, 2 iPad, 8 डायरियां और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज जब्त किए गए। छापेमारी के बाद मजीठिया को हिरासत में लिया गया और बाद में औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया गया। उन्हें मोहाली कोर्ट में पेश करने से पहले सिविल अस्पताल में मेडिकल जांच के लिए ले जाया गया।
मजीठिया पर 2021 से नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (NDPS) एक्ट के तहत ड्रग्स तस्करी से जुड़े मामले में जांच चल रही थी। इसके अलावा, आय से अधिक संपत्ति और संदिग्ध वित्तीय लेनदेन के आरोप भी उन पर हैं। विशेष जांच टीम (SIT) ने मार्च 2025 में दावा किया था कि “मजीठिया और उनके परिवार से जुड़ी कंपनियों में संदिग्ध वित्तीय लेनदेन का पता चला है।”
क्या दिया मजीठिया ने बयान ?
गिरफ्तारी से पहले मजीठिया ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक वीडियो शेयर किया, जिसमें उन्होंने इस कार्रवाई को राजनीति से प्रेरित बताया। उन्होंने कहा, “जब भगवंत मान सरकार को मेरे खिलाफ झूठे ड्रग केस में कुछ नहीं मिला, तो अब नया झूठा मामला दर्ज किया जा रहा है। मैं डरने वाला नहीं हूं, और न ही मेरी आवाज दबाई जा सकती है।” उन्होंने यह भी कहा कि वे पंजाब के मुद्दों पर हमेशा बोलते रहे हैं और आगे भी बोलते रहेंगे।
👉ਮੇਰੇ ਘਰ ਰੇਡ ਭਗਵੰਤ ਮਾਨ ਅਤੇ ਅਰਵਿੰਦ ਕੇਜਰੀਵਾਲ ਦੀ ਬੁਖਲਾਹਟ ਦਰਸਾਉਂਦੀ ਹੈ।
👉ਅੱਜ ਸਵੇਰੇ ਮੇਰੇ ਗ੍ਰਹਿ ਵਿਖੇ ਵਿਜੀਲੈਂਸ ਧੱਕੇ ਨਾਲ ਦਾਖਲ ਹੋਈ।
👉ਪ੍ਰੈਸ ਨੂੰ ਅੰਦਰ ਨਹੀਂ ਆਉਣ ਦਿੱਤਾ ਗਿਆ ਅਤੇ ਵਕੀਲਾਂ ਨੂੰ ਵੀ ਧੱਕੇ ਮਾਰੇ ਗਏ।
👉ਕਾਨੂੰਨ ਦੀਆਂ ਧੱਜੀਆਂ ਉਡਾ ਰਹੀ ਹੈ ਆਮ ਆਦਮੀ ਪਾਰਟੀ ਸਰਕਾਰ।
👉ਭਗਵੰਤ ਮਾਨ ਜੀ ਤੁਹਾਡੀਆਂ ਧਮਕੀਆਂ… pic.twitter.com/YhzyXLhnDP— Bikram Singh Majithia (@bsmajithia) June 25, 2025
आम आदमी पार्टी (AAP) AAP संयोजक अरविंद केजरीवाल ने इस कार्रवाई को ‘नशे के खिलाफ युद्ध’ का हिस्सा बताया और कहा कि “कोई भी कितना बड़ा नेता हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा।
शिरोमणि अकाली दल (SAD) SAD नेताओं, जिसमें सुखबीर सिंह बादल और हरसिमरत कौर बादल शामिल हैं, ने इस कार्रवाई को राजनीतिक बदले की कार्रवाई करार दिया।
Shiromani Akali Dal stands steadfast with Bikram Singh Majithia. It is clear that chief minister @BhagwantMann & @AamAadmiParty have been unnerved by the resolute manner in which Mr Majithia has taken on the govt and exposed its corrupt and amoral acts.
We will not be cowed down… pic.twitter.com/Qmk0w5glQ0— Sukhbir Singh Badal (@officeofssbadal) June 25, 2025
कांग्रेस नेता सुखपाल सिंह खैहरा ने मजीठिया के समर्थन में बयान दिया और AAP सरकार पर निशाना साधा।
I strongly condemn the highly vindictive raid & arrest of @bsmajithia on the orders of @ArvindKejriwal & @BhagwantMann out of sheer personal hatred bcoz he is a known critic of the @AamAadmiParty government.
Apart from other motives @AamAadmiParty is trying to deflect attention… pic.twitter.com/jaQaPkkCkB
— Sukhpal Singh Khaira (@SukhpalKhaira) June 25, 2025
NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज
मजीठिया पर ड्रग्स तस्करी के आरोप 2021 से लग रहे हैं, जब पंजाब पुलिस ने उनके खिलाफ NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज किया था। उस समय बर्खास्त DSP जगदीश भोला ने मजीठिया पर ड्रग रैकेट में शामिल होने का आरोप लगाया था। हालांकि, पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट ने 2022 में मजीठिया को जमानत दे दी थी, यह कहते हुए कि उनके खिलाफ ठोस सबूत नहीं हैं।
इसके बावजूद, भगवंत मान सरकार ने ड्रग्स के खिलाफ अभियान को तेज किया, और मजीठिया की गिरफ्तारी को इस दिशा में एक बड़ा कदम बताया जा रहा है। छापेमारी के दौरान मजीठिया के घर से कई इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस और दस्तावेज जब्त किए गए, जो ड्रग नेटवर्क और वित्तीय लेनदेन की जांच के लिए महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं। SIT अब विदेशी वित्तीय लेनदेन की जांच का दायरा बढ़ा रही है।
क्या होंगे सियासी प्रभाव ?
मजीठिया की गिरफ्तारी ने पंजाब की राजनीति में हलचल मचा दी है। SAD इसे विपक्ष को दबाने की कोशिश बता रहा है, जबकि AAP इसे नशा मुक्त पंजाब के अपने वादे की दिशा में एक कदम करार दे रही है। यह मामला लुधियाना वेस्ट उपचुनाव के बाद और भी चर्चा में आ गया है, जहां AAP को जीत मिली थी।
यह कार्रवाई पंजाब में ड्रग्स के खिलाफ चल रहे अभियान का हिस्सा है, लेकिन मजीठिया और उनके समर्थकों का दावा है कि यह राजनीतिक प्रतिशोध का परिणाम है। जांच अभी जारी है, और मजीठिया की गिरफ्तारी से पंजाब की सियासत में आने वाले दिनों में और उथल-पुथल की संभावना है।







