Upgrade
पहल टाइम्स
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
No Result
View All Result
पहल टाइम्स
No Result
View All Result
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • ईमैगजीन
Home विश्व

ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर दुनिया की क्यों है नज़र?

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
November 29, 2024
in विश्व
A A
nuclear program
14
SHARES
458
VIEWS
Share on FacebookShare on Whatsapp

नई दिल्ली: ईरान का परमाणु कार्यक्रम (Nuclear Program) इन दिनों काफी चर्चा में रहा है। वजह ईरान-इजरायल संघर्ष के अलावा Joint Comprehensive Plan of Action (JCPOA) के विफल हो जाने को भी माना जा रहा है। 2015 में हुए इस समझौते से अमेरिका ने 2018 में खुद को अलग कर लिया था। यह समझौता क्या था और अब ईरान के परमाणु कार्यक्रम ( Nuclear Program) को लेकर क्या ताज़ा अपडेट्स हैं। आप इस आर्टिकल में पढ़ सकेंगे।

ताज़ा जानकारी यह है कि ईरान JCPOA Agreement को फिर से बहाल करने की कोशिश कर रहा है। ईरान के उप विदेश मंत्री माजिद तख्त-रावंची  29 नवंबर को फिर से उन देशों के साथ बैठक करने वाले हैं, जो 2015 की बैठक में शामिल हुए थे। यूरोपीय संघ, फ्रांस, जर्मनी और यूके के प्रतिनिधि बैठक में भाग लेने वाले हैं जबकि चीन, रूस और संयुक्त राज्य अमेरिका उपस्थित नहीं होंगे।

इन्हें भी पढ़े

India will not be able to go to Iran

ईरान नहीं जा पाएगा भारत में जुटाया गया चंदा! जानिए क्यों?

April 2, 2026
Himalaya

हिमालय की ऊंचाइयों पर चल रहा ‘खेल’, स्कैम की कहानी चौंकाएगी

April 1, 2026
nato

अमेरिका ही छोड़ सकता है NATO, जानिए वजह

April 1, 2026
Strait of Hormuz

ईरान के ‘टोल प्लान’ से जंग का नया मुद्दा बना होर्मुज?

April 1, 2026
Load More

क्यों हुआ था  JCPOA Agreement?

Joint Comprehensive Plan of Action (JCPOA) को एक ऐतिहासिक समझौता कहा गया था। इस बैठक में फैसला हुआ था कि ईरान यूरेनियम संवर्धन (Uranium Enrichment) को सीमित करेगा। ईरान ने यह आश्वासन दिया था कि उसका परमाणु कार्यक्रम शांतिपूर्ण है। लेकिन International Atomic Energy Agency (IAEA) ने महत्वपूर्ण चिंताएं व्यक्त की हैं।

हालात पहली बार 2018 में बिगड़ने शुरू हुए थे, जब डोनाल्ड ट्रम्प ने एकतरफा समझौते से हटने और कठोर आर्थिक प्रतिबंधों को बहाल करने का फैसला किया था। अमेरिका के इस फैसले से ईरान की अर्थव्यवस्था को गंभीर नुकसान हुए थे। अब ईरान को उम्मीद है कि यह समझौता एक बार फिर बहाल हो जाएगा।

कैसे शुरू हुआ ईरान का Nuclear Program

1950 के दशक में तेहरान परमाणु अनुसंधान केंद्र की स्थापना हुई है। ईरान के पूर्व शाह, मोहम्मद रज़ा पहलवी ने ईरान का परमाणु कार्यक्रम शुरू किया।

1960 के दशक में ईरान ने परमाणु अप्रसार संधि (एनपीटी) पर हस्ताक्षर किए और संयुक्त राज्य अमेरिका और अन्य देशों से परमाणु सहायता प्राप्त करना शुरू किया।⁠

1970 के दशक में बुशहर परमाणु ऊर्जा संयंत्र के निर्माण के साथ ईरान के परमाणु कार्यक्रम का विस्तार हुआ, जिसे शुरुआत में जर्मन कंपनी सीमेंस द्वारा डिजाइन किया गया था।

1979 में ईरानी क्रांति के कारण देश का परमाणु कार्यक्रम रुक गया।

1980 के दशक में ईरान ने पाकिस्तान और अन्य देशों की सहायता से गुप्त रूप से अपने परमाणु कार्यक्रम को पुनर्जीवित करना शुरू कर दिया।1990 के दशक में नटान्ज़ यूरेनियम संवर्धन संयंत्र सहित नई सुविधाओं के निर्माण के साथ, ईरान के परमाणु कार्यक्रम का विस्तार हुआ।

2002 के दशक में ईरान के परमाणु कार्यक्रम का खुलासा अंतरराष्ट्रीय समुदाय के सामने हुआ, जिससे देश के इरादों पर चिंता पैदा हो गई।

2003 में अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (आईएईए) ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम की जांच शुरू की।

2006 में संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने ईरान पर उसके परमाणु कार्यक्रम को लेकर प्रतिबंध लगाया।

⁠2015 में ईरान ने आर्थिक प्रतिबंधों से राहत के बदले अपने परमाणु कार्यक्रम को सीमित करते हुए विश्व शक्तियों के साथ Joint Comprehensive Plan of Action (JCPOA) पर हस्ताक्षर किए।

2018 में संयुक्त राज्य अमेरिका JCPOA  से हट गया और ईरान पर फिर से प्रतिबंध लगा दिए।

2019 में ईरान ने अपनी यूरेनियम संवर्धन क्षमता और भंडार को बढ़ाते हुए JCPOA द्वारा निर्धारित सीमाओं का उल्लंघन करना शुरू कर दिया।

फिलहाल ईरान का परमाणु कार्यक्रम लगातार आगे बढ़ रहा है, देश नए सेंट्रीफ्यूज विकसित कर रहा है और अपनी यूरेनियम संवर्धन क्षमता बढ़ा रहा है।

इन्हें भी पढ़ें

  • All
  • विशेष
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
india-china

इस मोर्चाबंदी से सावधान

May 16, 2023
किसान आंदोलन

किसानों और सरकार के बीच बातचीत आज, इन बातों पर होगी चर्चा!

February 18, 2024

वर्ष 2022 में वैश्विक स्तर पर उभरा मध्यप्रदेश

January 2, 2023
पहल टाइम्स

पहल टाइम्स का संचालन पहल मीडिया ग्रुप्स के द्वारा किया जा रहा है. पहल टाइम्स का प्रयास समाज के लिए उपयोगी खबरों के प्रसार का रहा है. पहल गुप्स के समूह संपादक शूरबीर सिंह नेगी है.

Learn more

पहल टाइम्स कार्यालय

प्रधान संपादकः- शूरवीर सिंह नेगी

9-सी, मोहम्मदपुर, आरके पुरम नई दिल्ली

फोन नं-  +91 11 46678331

मोबाइल- + 91 9910877052

ईमेल- pahaltimes@gmail.com

Categories

  • Uncategorized
  • खाना खजाना
  • खेल
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • दिल्ली
  • धर्म
  • फैशन
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • विश्व
  • व्यापार
  • साक्षात्कार
  • सामाजिक कार्य
  • स्वास्थ्य

Recent Posts

  • अब PF निकालना चुटकियों का काम, UPI से मिनटों में मिलेगा पैसा
  • राघव चड्ढा की कुर्सी क्यों छीन ली? इन वजहों की शुरू हुई चर्चा
  • एमएस धोनी जल्द कर सकते हैं मैदान पर वापसी?

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.

  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.