नई दिल्ली: फैटी लिवर की समस्या आज के समय में बहुत ही तेजी से बढ़ रही है. भले ही ये कंडीशन अपने आप में जानलेवा नहीं, लेकिन एक घातक बीमारी की शुरुआत जरूर है. लंबे समय तक लिवर पर फैट का जमा रहना इसे सड़ाने का काम करता है, जिसे लिवर सिरोसिस कहा जाता है. ये फैटी लिवर का लास्ट स्टेज है, जिसमें लिवर ट्रांसप्लांट एक मात्र विकल्प बच जाता है.
ऐसे में कई लोग सोचते हैं कि इससे बचने का उपाय क्या है? तो इसका जवाब है फैटी को जल्द से जल्द पहचानना और इसे रिवर्स करना. लेकिन इसे पहचानना आसान नहीं है, क्योंकि इसके कई लक्षण पेट की खराबी जैसे- ब्लोटिंग, पेट बीच हिस्से में दर्द, एसिडिटी की तरह दिखते हैं. यही कारण है कि कई सारे लोग सालों तक फैटी लिवर को पहचान नहीं पाते और इस समस्या के साथ जीते हैं. इसलिए यहां हम आपको कुछ ऐसे लक्षणों के बारे में बता रहे हैं, जिससे आप फैटी लिवर को पहले स्टेज पर पहचान सकते हैं.
फैटी लिवर के शुरुआती लक्षणों में से कौन सा लक्षण पेट की गैस्ट्रिक समस्या जैसा दिखता है?
- पेट फूलना
- त्वचा पर लाल चकत्ते
- सांस लेने में कठिनाई
- तेज बुखार
पेट भरा हुआ लगना
अगर आपका पेट थोड़ा खाने पर भी भरा हुआ महसूस होता है, तो ये आपके सेंसिटिव स्टमक के वजह से ही नहीं बल्कि लिवर में शुरू हो रही गड़बड़ी का भी संकेत हो सकता है. क्योंकि जब लिवर पर फैट जमा होने लगता है, तो इसका साइज बढ़ने लगता है. पेट के ठीक ऊपर होने के कारण लिवर का बढ़ा हिस्सा आंतों को दबाता है, जिससे टाइटनेस महूसस होने लगती है.
पेट के दाहिने हिस्से में डिसकंफर्ट
पेट दर्द के सामान्य लक्षण आमतौर पर रुक-रुक कर होते हैं या पेट के बीचोंबीच केंद्रित रहते हैं. जबकि फैटी लिवर की समस्या अलग तरह से दिखती है. यह अक्सर पसलियों के ठीक नीचे, ऊपरी दाहिनी ओर हल्के दर्द या बेचैनी के रूप में नजर आती है. यह फंसी हुई गैस या मांसपेशियों में खिंचाव जैसी महसूस हो सकती है. क्योंकि यह हल्की और लगातार होती है, तेज नहीं, इसलिए इस पर शायद ही कभी डॉक्टरी सलाह की आवश्यकता होती है.
लगातार ब्लोटिंग
पेट फूलना सबसे गलत समझे जाने वाले लक्षणों में से एक है. फैटी लिवर होने पर, पेट फूलना तब भी हो सकता है जब भोजन सादा हो और मात्रा नियंत्रित हो. शाम तक पेट में खिंचाव या कसाव महसूस हो सकता है, बिना अधिक गैस या डकार के. ऐसा इसलिए होता है क्योंकि लिवर में सूजन शरीर द्वारा वसा और शुगर के पाचन को प्रभावित कर सकती है. यह पाचन क्रिया को थोड़ा धीमा भी कर सकता है, जिससे पेट भरा हुआ महसूस होता है जो गैस्ट्रिक समस्या जैसा लगता है.
थकान के साथ पेट की खराबी
पेट खराब होना बहुत ही कॉमन है, लेकिन यदि इसके साथ थकान महसूस हो रही है, तो मामला गंभीर है. फैटी लिवर होने पर बिना किसी वजह थकान के साथ पाचन में गड़बड़ी की समस्या पैदा होती है. ऐसा इसलिए होता है क्योंकि बॉडी लिवर पर चर्बी के दबाव को कम करने के लिए ज्यादा एनर्जी का इस्तेमाल करता है, जिससे थकान महसूस होती है.
बिना उल्टी मतली महसूस होना
फैटी लिवर होने पर लगातार मतली महसूस हो सकती है.क्योंकि इससे उल्टी नहीं होती है, जिससे इसपर को ध्यान नहीं देता है. ऐसा इसलिए होता है क्योंकि लिवर ठीक तरह से टॉक्सिन्स और न्यूट्रिएंट्स को प्रोसेस नहीं कर पाता है, जिससे बॉडी में मतली जैसे लक्षण पैदा होते हैं.







