नई दिल्ली: इस साल अमरनाथ यात्रा के लिए पंजीकरण कराने की तिथि की घोषणा कर दी गई है. श्रद्धालु 15 अप्रैल से अमरनाथ यात्रा के दर्शन के लिए पंजीकरण करा सकते हैं. श्री अमरनाथ जी श्राइन बोर्ड के अनुसार, तीर्थयात्री देश भर में स्थित 554 नामित बैंक शाखाओं के माध्यम से पंजीकरण करा सकते हैं.
यात्रा परमिट भी इसी आधार पर जारी किए जाएंगे. हर साल लाखों श्रद्धालु अमरनाथ यात्रा के लिए बाबा बर्फानी के दर्शने के लिए जाते हैं. देश के अलग-अलग हिस्सों से लोग इस पवित्र अमरनाथ गुफा के दर्शन के लिए कूच करते हैं. सरकार अमरनाथ यात्रा के प्रत्येक मार्ग पर कड़ी सुरक्षा का प्रबंध करती है, ताकि किसी भी तीर्थयात्री को कोई समस्या ना हो. कोई हादसा ना हो. श्रद्धालुओं से भी सभी सुरक्षा नियमों का पालन करने के लिए कहा जाता है.
शीघ्र की जाएगी यात्रा की आधिकारिक तिथियों की घोषणा
इस तीर्थयात्रा की आधिकारिक तिथियों की घोषणा शीघ्र ही की जाएगी. श्रद्धालुओं को सलाह दी जाती है कि वे समय पर पंजीकरण प्रक्रिया पूरी कर लें. लोगों का पहले आओ और पहले पाओ के आधार पर पंजीकरण किया जाएगा.
अमरनाथ यात्रा का महत्व क्या है?
अमरनाथ यात्रा हिंदू धर्म की सबसे पवित्र यात्राओं में से एक मानी जाती है. धार्मिक, आध्यात्मिक और सांस्कृतिक महत्व बेहद गहरा और महत्वपूर्ण है. अमरनाथ की यात्रा भगवान शिव को समर्पित है.मान्यता है कि यहां अमरनाथ गुफा में प्रत्येक वर्ष बर्फ से प्राकृतिक तरीके से एक शिवलिंग बनता है, जिसके दर्शन के लिए ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ती है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इसी गुफा में शंकर जी ने मां पार्वती को अमरत्व के रहस्य की कथा सुनाई थी.
यहां पहुंचने की राह आसान नहीं है, लेकिन कठिन पहाड़ी रास्तों से होते हुए हर साल लाखों श्रद्धालु पूरे आत्मविश्वास, श्रद्धा भाव से यहां पहुंचते हैं. यहां पहुंचना किसी परीक्षा से कम नहीं. भक्तों के अनुसार, इस यात्रा से सभी पापों का नाश होता है. मोक्ष की प्राप्ति होती है. इस यात्रा के दौरान बम बम भोले के जयकारे लोगों के अंदर अलग ऊर्जा पैदा करता है.
प्राकृतिक महत्व की बात करें तो अमरनाथ की यात्रा के दौरान लोगों को हिमालय की अद्भुत सुंदरता, बर्फीले पहाड़, बहती नदियां, हरी-भरी वादियों देखने को मिलती हैं. ये यात्रा भक्तों को बेहद ही रोमांचक, अनोखा, अद्भुत और आध्यात्मिक अनुभव कराता है.
अमरनाथ यात्रा का खर्च
अमरनाथ यात्रा का कुल खर्च प्रति व्यक्ति 10 हजार से लेकर 45 हजार के बीच हो सकता है. रेजिस्ट्रेशन कराने का खर्च लगभग 200 रुपये तक होता है. आप हेलीकॉप्टर से जाना चाहते हैं तो आपको 25 हजार से लेकर 45 हजार रुपये बालटाल/पहलगाम से लग सकते हैं. यहां आप पैदल, पालकी, घोड़ा, हेलीकॉप्टर से पहुंच सकते हैं. यहां सिर्फ 13 वर्ष से लेकर 70 वर्ष की उम्र वाले लोग ही जा सकते हैं, साथ में रखना होगा अपना हेल्थ सर्टिफिकेट भी.







