Upgrade
पहल टाइम्स
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
No Result
View All Result
पहल टाइम्स
No Result
View All Result
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • ईमैगजीन
Home राष्ट्रीय

क्लाइमेट चेंज का सबसे ज्यादा असर झेल रहे भारत के बच्चे, UNICEF रिपोर्टसावधान!

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
June 25, 2026
in राष्ट्रीय
A A
climate change
30
SHARES
988
VIEWS
Share on FacebookShare on Whatsapp

नई दिल्ली। देशभर में भीषण गर्मी ने सभी का जीना मुश्किल कर दिया है. गर्मी से बचने के लिए हम सभी कुलर, एसी, पंखा का सहारा लेते हैं. लेकिन क्या आप जानते हैं कि बदलते मौसम की यह मार सबसे ज्यादा हमारे घर के मासूम बच्चों पर पड़ रही है? जी हां आपने बिल्कुल सही पढ़ा, क्योंकि ये हम नहीं बल्कि, UNICEF की ‘चिल्ड्रन्स क्लाइमेट रिस्क रिपोर्ट 2026’ में खुलासा हुआ है, जो हर माता-पिता को चिंता में डाल सकता है.

इस रिपोर्ट के मुताबिक, भारत के बच्चे दुनिया में सबसे ज्यादा भीषण गर्मी और सूखे के खतरे का सामना कर रहे हैं.

इन्हें भी पढ़े

ice of the arctic

आर्कटिक की पिघलती बर्फ में भारत तलाश रहा अपना भविष्य!

June 25, 2026
BJP and Congress

नागरिकता पर कांग्रेस ने मोदी सरकार को घेरा, BJP ने किया पलटवार!

June 25, 2026
UGC NET

NEET के बाद अब UGC NET में भी री-एग्जाम, क्या है पूरा मामला?

June 23, 2026
Petrol-Diesel

तेल कंपनियों को बंपर मार्जिन, जनता परेशान, पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर आई बड़ी रिपोर्ट

June 23, 2026
Load More

​क्या है UNICEF की रिपोर्ट और क्यों बढ़े खतरे?

​UNICEF ने दुनिया भर के बच्चों पर मौसम के खराब बदलावों (क्लाइमेट चेंज) के असर को मापने के लिए एक स्टडी की है. इसमें बाढ़, तूफान, सूखा और भीषण गर्मी जैसे 8 बड़े खतरों को शामिल किया गया था. ​रिपोर्ट के आंकड़े बताते हैं कि दुनिया में जितने भी बच्चे हैं, उनमें से लगभग 46% (यानी 1.1 अरब बच्चे) कम से कम तीन बड़े मौसम संबंधी खतरों को झेल रहे हैं. वहीं अगर सिर्फ भारत की बात करें, तो स्थिति और भी ज्यादा चिंताजनक है. भारत के करीब 55% बच्चे मौसम के इन 8 खतरों में से कम से कम तीन खतरों का सीधे तौर पर सामना कर रहे हैं.

​गर्मी के मामले में भारत दुनिया में नंबर-1 पर-

​इस रिपोर्ट में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि भीषण गर्मी (Extreme Heat) के मामले में भारत को 10 में से 10 स्कोर मिला है. इसका सीधा मतलब यह है कि दुनिया भर में भारत के बच्चे भीषण और जानलेवा गर्मी के सबसे बड़े शिकार हैं. गर्मी के अलावा, भारत के बच्चे सूखे (Drought) की मार भी झेल रहे हैं. कृषि और मौसम से जुड़े सूखे के मामले में भारत का स्कोर 8.84 रहा है, जो कि बहुत ज्यादा है. हालांकि नाइजीरिया, बांग्लादेश और कैमरून जैसे देशों में सूखे का असर भारत से कुछ मामलों में ज्यादा है, लेकिन भारत की स्थिति भी बहुत नाजुक बनी हुई है.

किस स्थान पर है भारत

मौसम के कई खतरों को एक साथ झेलने के मामले में (Multi-Hazard Exposure Score) भारत पूरी दुनिया में पांचवें (5th) स्थान पर है. भारत से आगे सिर्फ म्यांमार, पाकिस्तान, वियतनाम और बांग्लादेश जैसे देश हैं.

किन बीमारियों का है खतरा

​UNICEF की रिपोर्ट में सिर्फ गर्मी या सूखे की ही बात नहीं की गई है, बल्कि यह भी बताया गया है कि इस बदलते मौसम के कारण बच्चों में बीमारियां कितनी तेजी से फैल रही हैं.

​मलेरिया- मौसम बदलने और बाढ़ जैसी स्थितियों के कारण मच्छरों से फैलने वाली बीमारियां बहुत तेजी से बढ़ रही हैं, जो बच्चों को आसानी से अपनी चपेट में ले लेती हैं.

​जहरीली हवा- गाड़ियों और अन्य चीजों से निकलने वाला धुआं न सिर्फ गर्मी बढ़ा रहा है, बल्कि हवा को भी जहरीला बना रहा है. बच्चों के फेफड़े बहुत नाजुक होते हैं, इसलिए यह प्रदूषित हवा उनके फेफड़ों और दिमाग के विकास को भारी नुकसान पहुंचा रही है.

​बच्चों के लिए क्यों ज्यादा खतरनाक

​कमजोरी- ज्यादा गर्मी के कारण बच्चों के शरीर में पानी की कमी (Dehydration) बहुत जल्दी हो जाती है.

इम्यूनिटी- बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बड़ों जितनी मजबूत नहीं होती, इसलिए वे हवा प्रदूषण और मलेरिया जैसी बीमारियों का शिकार जल्दी बनते हैं.

​पढ़ाई- जब मौसम बहुत ज्यादा खराब या गर्म होता है, तो स्कूल बंद करने पड़ते हैं, जिससे बच्चों की पढ़ाई और उनके मानसिक विकास पर बुरा असर पड़ता है.

​क्या है इसका समाधान?

​UNICEF की यह रिपोर्ट हम सभी के लिए एक वेक-अप कॉल का इशारा है. माता-पिता के तौर पर हमें बच्चों को भीषण गर्मी में सुरक्षित रखने, उन्हें हाइड्रेटेड रखने और साफ-सफाई का ध्यान रखने की सख्त जरूरत है.

इन्हें भी पढ़ें

  • All
  • विशेष
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
Sudan spiraling into civil war

गृहयुद्ध की और बढ़ता सूडान

April 24, 2023
COP27

सुर्खियों के सुखबोध का सच

November 29, 2022

बीजेपी का संकल्प पत्र देखकर चौक गया विपक्ष!

April 15, 2024
पहल टाइम्स

पहल टाइम्स का संचालन पहल मीडिया ग्रुप्स के द्वारा किया जा रहा है. पहल टाइम्स का प्रयास समाज के लिए उपयोगी खबरों के प्रसार का रहा है. पहल गुप्स के समूह संपादक शूरबीर सिंह नेगी है.

Learn more

पहल टाइम्स कार्यालय

प्रधान संपादकः- शूरवीर सिंह नेगी

9-सी, मोहम्मदपुर, आरके पुरम नई दिल्ली

फोन नं-  +91 11 46678331

मोबाइल- + 91 9910877052

ईमेल- pahaltimes@gmail.com

Categories

  • Uncategorized
  • खाना खजाना
  • खेल
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • दिल्ली
  • धर्म
  • फैशन
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • विश्व
  • व्यापार
  • साक्षात्कार
  • सामाजिक कार्य
  • स्वास्थ्य

Recent Posts

  • RBI ने बदले डिजिटल पेमेंट फ्रॉड के नियम, ऐसे मिलेगा मुआवजा
  • दिल्ली : MCD पार्किंग में बनेंगे बड़े EV चार्जिंग हब, मिलेगी बैटरी बदलने की भी सुविधा
  • मिर्जापुर का नया पोस्टर रिलीज, जानें कब आएगा फिल्म का टीजर

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.

  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.