Upgrade
पहल टाइम्स
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
No Result
View All Result
पहल टाइम्स
No Result
View All Result
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • ईमैगजीन
Home राष्ट्रीय

भारत में ही बनेगा ‘महाहथियार’, एक ही वेपन से दाग सकते हैं कई तरह के रॉकेट

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
September 28, 2022
in राष्ट्रीय
A A
Carl Gustaf M4
18
SHARES
598
VIEWS
Share on FacebookShare on Whatsapp

नई दिल्ली : स्वीडन की बड़ी डिफेंस कंपनी साब (SAAB) अब कार्ल गुस्ताफ एम4 रिकॉयललेस राइफल का निर्माण भारत में करना चाहती है. इस वेपन सिस्टम को साब की नई सब्सिडियरी कंपनी साब एफएफवी इंडिया प्राइवेट लिमिटेड करेगी. कंपनी का कहना है कि वह पहली बार अपने देश यानी स्वीडन से बाहर कोई मैन्यूफैक्चरिंग यूनिट लगाने जा रही है.

SAAB के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट गॉर्जेन जोहान्सन ने कहा कि हम कार्ल गुस्ताफ एम4 रॉकेट लॉन्चर (Carl Gustaf M4 Rocket Launcher) की टेक्नोलॉजी भारत को हस्तांतरित कर देंगे. भारत में बना पहला हथियार साल 2024 में तैयार हो जाएगा. हालांकि हमें सरकार से अभी अनुमति मिलनी बाकी है. लेकिन उम्मीद है कि जल्द ही मिल जाएगी. यूनिट कहां और कैसे लगेगी इसकी जानकारी भी जल्द दी जाएगी.

इन्हें भी पढ़े

climate change

क्लाइमेट चेंज का सबसे ज्यादा असर झेल रहे भारत के बच्चे, UNICEF रिपोर्टसावधान!

June 25, 2026
ice of the arctic

आर्कटिक की पिघलती बर्फ में भारत तलाश रहा अपना भविष्य!

June 25, 2026
BJP and Congress

नागरिकता पर कांग्रेस ने मोदी सरकार को घेरा, BJP ने किया पलटवार!

June 25, 2026
UGC NET

NEET के बाद अब UGC NET में भी री-एग्जाम, क्या है पूरा मामला?

June 23, 2026
Load More

गॉर्जेन जोहान्सन ने कहा कि भारतीय सेना (Indian Army) ने साब से पहले ही M4 वैरिएंट मंगा रखे हैं. हम भारत में जब प्रोडक्शन शुरू करेंगे, तो सबसे पहले भारतीय मिलिट्री और अर्धसैनिक बलों की मांगों को पूरा करेंगे. उसके बाद हथियारों को स्वीडन ले जाकर, फिर वहां से उनका अंतरराष्ट्रीय डील होगा. हमारी कंपनी भारतीय डिफेंस कंपनियों के साथ ‘मेक इन इंडिया’ प्रोग्राम के तहत पार्टनरशिप करने को तैयार है. अब जानते हैं कि आखिर इस हथियार की खासियत क्या है?

कार्ल गुस्ताफ एम4 रिकॉयललेस राइफल (Carl Gustaf M4 Recoilless Rifle) कंधे पर रख कर दागा जाने वाला हथियार है. इसके चार वैरिएंट हैं. M1 को 1946 में बनाया गया था. M2 को 1964 में बनाया गया था. M3 को 1986 में बनाया गया था. भारतीय सेनाओं के पास यह वैरिएंट पहले से है. उसका उत्पादन भारत में ही होता है. M3 को भारत में म्यूनिशन इंडिया लिमिटेड (MIL) और एडवांस्ड वेपंस एंड इक्विपमेंट इंडिया लिमिटेड (AWEIL) मिलकर बनाते हैं. भारत की ऑर्डनेंस फैक्ट्री बोर्ड कार्ल गुस्ताफ एम3 को भारत में ही बना रही है. उसकी रेंज 1200 मीटर है. उसका उत्पादन भी भारत में जारी रहेगा.

कार्ल गुस्ताफ एम4 (Carl Gustaf M4) को 2014 में बनाया गया है. यह दुनिया के अत्याधुनिक रॉकेट लॉन्चरों में से एक है. इसका वजन 6.6 किलोग्राम है. लंबाई 37 इंच है. इसे चलाने के लिए दो लोगों की जरुरत होती है. एक गनर और दूसरा लोडर. इसमें 84 मिलिमीटर व्यास और 246 मिलिमीटर लंबा रॉकेट लगता है. यह एक मिनट में छह राउंड दाग सकता है. इस रॉकेट लॉन्चर से दागे जाने के बाद इसके गोले अधिकतम 840 फीट प्रति सेकेंड की गति से आगे बढ़ते हैं. यानी 918 किलोमीटर प्रतिसेकेंड की गति. अगर दुश्मन चलती फिरती गाड़ी में है तो इसकी सटीक रेंज 400 मीटर है. गाड़ी खाड़ी है तो 500 मीटर. अगर स्मोक और हाईएक्सप्लोसिव गोले का उपयोग करते हैं तो रेंज 1000 मीटर है. अगर रॉकेट बूस्टेड लेजर गाइडेड हथियार दागते हैं तो 2000 मीटर तक गोला जाता है.

कार्ल गुस्ताफ एम4 (Carl Gustaf M4) में 10 तरह के हथियार लग सकते हैं. यानी एक ही वेपन सिस्टम से दुश्मन के ऊपर दस तरह के हथियार दागे जा सकते हैं. यानी एंटी पर्सनल HE और ADM, सपोर्ट वॉरहेड यानी Smoke, Illum, HEAT, एंटी ऑर्मर HEAT 551, 551C, 751. इसके अलावा मल्टी रोल एंटी स्ट्रक्चर वॉरहेड में ASM 509, MT 756, HEDP 502, 502 RS. इनका वजन 1.7 किलोग्राम तक हो सकता है.

भारत में बनाए गए SAAB कंपनी के कार्ल गुस्ताफ एम4 (Carl Gustaf M4) को उन जवानों को दिया जाएगा जो चीन की सीमा के पास LAC पर तैनात हैं. यानी चीन कभी भी क्लोज कॉम्बैट यानी नजदीकी लड़ाई की कोशिश नहीं कर पाएगा. गॉर्जेन जोहान्सन ने कहा कि सिर्फ हथियार नहीं बल्कि उसके हिस्सों का भी निर्माण करेंगे.

गॉर्जेन जोहान्सन ने बताया कि साब एफएफवी कंपनी का रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया चल रही है. हम भारत में अत्याधुनिक और स्टेट-ऑफ-द-आर्ट हथियार बनाएंगे. भारतीय सेना हमारे कार्ल गुस्ताफ एम3 का उपयोग कई बरसों से करती आ रही है. उसने नए वैरिएंट को भी मंगवाया है. लेकिन अब उन्हें भारत में ही बने हुए कार्ल गुस्ताफ एम4 (Carl Gustaf M4) रॉकेट लॉन्चर सिस्टम मिलेंगे.

कार्ल गुस्ताफ एम4 (Carl Gustaf M4) के भारत में बनने का फायदा ये होगा कि यहां के युवाओं को कंपनी में रोजगार मिलेगा. अगर किसी तरह की दिक्कत आती है तो हथियार को यहीं पर दुरुस्त कर दिया जाएगा. इसके लिए हथियारों को स्वीडन भेजने का खर्च बचेगा.

भारतीय सेना कार्ल गुस्ताफ (Carl Gustaf) का उपयोग 1976 से करती आ रही है. क्योंकि यह दुनिया के चुनिंदा रॉकेट लॉन्चर्स में से है, जिसमें से कई प्रकार के हथियार दागे जा सकते हैं. साब भारत में 100 फीसदी FDI का सोच रही थी. लेकिन अब कंपनी 74 फीसदी FDI के साथ आ रही है. वह भारत में एक भारतीय कंपनी को अपना पार्टनर बनाएगी. कुछ कंपनियों के नाम साब ने फाइनल किए हैं. उनके साथ डील की जाएगी.

गॉर्जेन जोहान्सन ने बताया कि कार्ल गुस्ताफ एम4 (Carl Gustaf M4) की फैक्ट्री के लिए जगह फिलहाल तय नहीं है. लेकिन हमने कई जगहों को शॉर्टलिस्ट कर लिया है. बहुत जल्द ये भी फाइनल हो जाएगा कि फैक्ट्री कहां लगानी है. भारतीय फैक्ट्री में बनने वाले हथियार यहां से पहले स्वीडन जाएंगे उसके बाद वहां से अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भेजे जाएंगे. कार्ल गुस्ताफ एम4 (Carl Gustaf M4) के पैकेज में हथियार सिस्टम के साथ-साथ वॉरहेड और संबंधित ट्रेनिंग और सपोर्ट सिस्टम भी शामिल होगा.

इन्हें भी पढ़ें

  • All
  • विशेष
  • लाइफस्टाइल
  • खेल

मालीवाल का सवाल, दिल्ली में उबाल! स्वाति मालीवाल ने अपने साथ हुई बदसलूकी पर साधी चुप्पी!

May 16, 2024
Heron Mark 2 Drones

‘भारत से ड्रोन सौदे का समर्थन किया’

February 4, 2024
STF

छत्तीसगढ़: अबूझमाड़ में सुरक्षाबलों की बड़ी कार्रवाई, 30 नक्सलियों की मौत

May 21, 2025
पहल टाइम्स

पहल टाइम्स का संचालन पहल मीडिया ग्रुप्स के द्वारा किया जा रहा है. पहल टाइम्स का प्रयास समाज के लिए उपयोगी खबरों के प्रसार का रहा है. पहल गुप्स के समूह संपादक शूरबीर सिंह नेगी है.

Learn more

पहल टाइम्स कार्यालय

प्रधान संपादकः- शूरवीर सिंह नेगी

9-सी, मोहम्मदपुर, आरके पुरम नई दिल्ली

फोन नं-  +91 11 46678331

मोबाइल- + 91 9910877052

ईमेल- pahaltimes@gmail.com

Categories

  • Uncategorized
  • खाना खजाना
  • खेल
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • दिल्ली
  • धर्म
  • फैशन
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • विश्व
  • व्यापार
  • साक्षात्कार
  • सामाजिक कार्य
  • स्वास्थ्य

Recent Posts

  • RBI ने बदले डिजिटल पेमेंट फ्रॉड के नियम, ऐसे मिलेगा मुआवजा
  • दिल्ली : MCD पार्किंग में बनेंगे बड़े EV चार्जिंग हब, मिलेगी बैटरी बदलने की भी सुविधा
  • मिर्जापुर का नया पोस्टर रिलीज, जानें कब आएगा फिल्म का टीजर

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.

  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.