अयोध्या : अयोध्या में प्रभु राम के भव्य मंदिर का निर्माण तेजी के साथ हो रहा है. मंदिर का निर्माण राजस्थान के बंसी पहाड़पुर के नक्काशीदार पत्थरों से किया जा रहा है. मंदिर निर्माण के प्रथम चरण का कार्य लगभग पूरा हो गया है तो वहीं अब दूसरे चरण का कार्य शुरू हो गया है. मंदिर के प्रथम तल पर प्रभु राम विराजमान हो चुके हैं. अब दूसरे तल पर राम दरबार की स्थापना की जाएगी. राम दरबार में प्रभु राम, माता सीता, भैया लक्ष्मण भरत, शत्रुघ्न और हनुमान जी विराजमान होंगे. लेकिन आम लोग राम दरबार के दर्शन नहीं कर पाएंगे. इस बात की जानकारी राम मंदिर के व्यवस्थापक गोपाल राव ने दी है .
दरअसल, अयोध्या के राम मंदिर में प्रभु राम के विराजमान होने के बाद प्रतिदिन एक लाख से ज्यादा राम भक्त दर्शन पूजन करने आ रहे हैं. राम मंदिर में गर्भ ग्रह तक पहुंचने के लिए भक्त सिंह द्वार होते हुए रंग मंडप के बाद गर्भ ग्रह पहुंचते हैं. भक्तों को सिंह द्वार से ही प्रभु राम के दर्शन होते हैं. एक साथ लगभग 50000 से ज्यादा लोग रामलला के दर्शन कर सकते हैं. लेकिन राम दरबार में जगह के अभाव की वजह से सभी श्रद्धालु दर्शन नहीं कर सकते .केवल विशिष्ट लोग ही राम दरबार में दर्शन कर सकते हैं . इस वजह से राम मंदिर ट्रस्ट ने बड़ा फैसला लिया है.
इस कारण लिया गया निर्णय
गोपाल राव ने बताया कि राम दरबार की स्थापना जहां पर होगी वहां आम लोग दर्शन नहीं कर पाएंगे. राम दरबार में कुछ ही भक्त दर्शन कर पाएंगे. क्योंकि एक लाख भक्त अगर एक साथ दर्शन करने आएंगे तो वह संभव नहीं है. मंदिर के दूसरे तल पर जगह के अभाव की वजह से ऐसा निर्णय लिया गया है.







