नई दिल्ली। सरकारी बीमा कंपनी एलआईसी ने अपने पॉलिसी होल्डर्स के लिए रिकॉर्ड बोनस का ऐलान किया है। वित्त वर्ष 2026 के लिए लाइफ इंश्योरेंस कारपोरेशन ऑफ इंडिया ने 59725 करोड़ रुपये के बोनस पार्टिसिपेटिंग लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी को देने का फैसला किया है। जोकि सालाना आधार पर 6 प्रतिशत अधिक है।
एक साल पहले एलआईसी की तरफ से 56331 रुपये के बोनस का ऐलान किया गया था। शुक्रवार को कंपनी की तरफ से जारी आंकड़ों के अनुसार एलआईसी बादशाहत बाजार में बरकरार है। पहले साल के प्रीमियम इनकम के हिसाब से कंपनी का मार्केट शेयर 56.66 प्रतिशत है। वहीं, सबसे ज्यादा पॉलिसी बेचने के मामले में बाजार का 65.16 प्रतिशत हिस्सा सरकारी बीमा कंपनी के पास है।
कंपनी की तरफ से शुक्रवार को जारी आंकड़ों के अनुसार 8356.71 करोड़ रुपये के अंतरिम बोनस का भी भुगतान हुआ है। वित्त वर्ष 2025 के दौरान यह 3075.80 करोड़ रुपये रहा था। बता दें, बोनस योग्य पॉलिसी होल्डर्स जिनकी पॉलिसी में जिक्र हुआ है और मैच्योरिटी या फिर मृत्यु पर भुगतान किया गया है।
एलआईसी के बिजनेस में सुधार
बीमा कंपनी के प्रॉफिट में तेजी के साथ सुधार हुआ है। नए बिजनेस की वैल्यू 42 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ वित्त वर्ष 2026 में 14179 करोड़ रुपये रहा था। एक साल पहले यह 10011 करोड़ रुपये रहा था। वैल्यू ऑफ न्यू बिजनेस 17.6 प्रतिशत से बढ़कर 21.20 प्रतिशत पहुंच गया है। एनुअल प्रीमियम इक्विवीवैलेंट (APE) 66961 रुपये के स्तर पर पहुंच गया है। कंपनी के हाई मार्जिन प्रोडक्ट्स की वजह से यह उछाल देखने को मिली है।
एलआईसी ने अब अपना फोकस अधिक मार्जिन वाले नॉन-पार्टिसिपेटिंग की तरफ बढ़ाया है। कंपनी को प्रोफाइल में मनी बैक, होल लाइफ प्लान आदि का दबदबा बना हुआ है। कंपनी के नए बिजनेस मुनाफा में इजाफा हुआ है। रिपोर्ट से पता चलता है कि लॉन्ग टर्म में कंपनी की पॉलिसी रिटेंशन कमजोर हुआ है।
एलआईसी के शेयरों की स्थिति
शुक्रवार को बीएसई में एलआईसी के शेयर 0.44 प्रतिशत की गिरावट के साथ 430.15 रुपये के स्तर पर बंद हुआ था। पिछले एक साल में सरकारी बीमा कंपनी के शेयरों का दाम 9 प्रतिशत गिरा है। दो साल में स्टॉक 12.91 प्रतिशत लुढ़क गया है। हालांकि, इसके बाद भी तीन साल से शेयरों को होल्ड करने वाले निवेशकों को अबतक 36 प्रतिशत का फायदा हुआ है।






