Upgrade
पहल टाइम्स
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
No Result
View All Result
पहल टाइम्स
No Result
View All Result
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • ईमैगजीन
Home विश्व

(बर्लिन)रूस पर प्रतिबंध लगाने का दांव पड़ा उल्टा, यूरोप में बिजली के लिए मचा हाहाकार

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
August 4, 2022
in विश्व
A A
Russian President Vladimir Putin
1
VIEWS
Share on FacebookShare on Whatsapp

बर्लिन ,04 अगस्त। इन दिनों जर्मनी समेत पूरा यूरोप भीषण ऊर्जा और बिजली संकट से गुजर रहा है। जर्मनी समेत कई देश अपनी गैस की जरूरत का ज्यादातर हिस्सा रूस से आयात करते हैं लेकिन अब इसकी सप्लाई लगातार घटती जा रही है। इसके चलते यूरोप में लोगों के सामने सबसे बड़ी चुनौती इस ऊर्जा संकट से निपटने की है जो महंगाई को भी बढ़ा रहा है। गैस की कीमतों के साथ ही इस पर निर्भर कई और चीजों की कीमतें बढ़ती जा रही हैं। इसी कड़ी में यूरोप के तमाम देश बिजली बचाने के नए-नए प्रयोग कर रहे हैं।
दरअसल, यूरोप में गैस और ईंधन की कमी का संकट चल रहा है जब रूस ने यूरोप को दी जाने वाली प्राकृतिक गैस की आपूर्ति में करीब 60 प्रतिशत कटौती कर दी है। इसके पीछे उसने रूस यूक्रेन युद्ध की वजह से पश्चिमी देशों के लगाए प्रतिबंधों का हवाला भी दिया है। यह स्थिति यूरोप में एक गंभीर संकट पैदा करने वाली लग रही है। हालांकि यूरोप के तमाम देश इस संकट से उबरने के लिए अपने-अपने तरीकों पर काम कर रहे हैं।

जर्मनी : रूस से आने वाले तेल और गैस की कमी का जर्मनी पर सीधा असर पड़ा है और जर्मनी में बिजली उत्पादन अचानक कम हो गया। इसके चलते बिजली की आपूर्ति भी संकट में आ गई। जर्मनी ने इस सप्ताह सार्वजनिक जहगों पर लाइट बंद करने का आदेश दिया है। इसके अलावा कई शहरों में बड़ी इमारतों में हीटिंग कम करने के लिए लगी मशीनों को बंद करने के आदेश दिए हैं। जर्मनी की चिंता है कि सर्दियों में जब बिजली की खपत ज्यादा होगी तो संकट बड़ा हो सकता है।

इन्हें भी पढ़े

Crude oil

भारत ने तलाशा होमुर्ज का विकल्प, अब इन रास्तों से आ रहा 70% कच्चा तेल

March 11, 2026
india-china

अब भारत में चीन कर सकेगा ये काम, अन्‍य पड़ोसी देशों को भी मौका!

March 11, 2026
pm modi-trump

इस काम के लिए ट्रंप प्रशासन ने भारत सरकार से मांगी मदद, जानिए

March 9, 2026
us israel attack on iran

ईरान से जंग में अमेरिका का ‘दिवाला’! हर दिन धुआं हो रहे इतने हजार करोड़

March 9, 2026
Load More

फ्रांस : फ्रांस को अपनी अधिकांश ऊर्जा करीब 70 प्रतिशत ऊर्जा परमाणु ऊर्जा से प्राप्त होती है, लेकिन वह अगले दो सालों में अपने उपयोग की ऊर्जा खपत को दस प्रतिशत तक कम करना चाहता है। फ्रांस ने वातानुकूलित दुकानों में नियम के तहत बिजली खर्च करने के आदेश दिए हैं। आउटडोर कैफे और बार टेरेस को बिजली के माध्यम से गर्म या ठंडा करने की अनुमति नहीं दी गई है। इतना ही नहीं ऊर्जा बचाने के लिए वहां विज्ञापन पर खर्च होने वाली बिजली में कटौती कर दी गई है।

स्पेन : हालांकि स्पेन रूसी गैस आपूर्ति पर निर्भर नहीं है, फिर भी सरकार नागरिकों को ऊर्जा खपत कम करने के लिए प्रोत्साहित कर रही है। यहां पर्यावरण मंत्री ने कहा कि बिजली बचाने के प्रति लोगों को जितना संभव हो उतना बुद्धिमान होने की जरूरत है। स्पेन भी गैस के उपयोग में 7 से 8 प्रतिशत की कटौती करना चाहता है। स्पेन की सरकार ने भी लोगों को सलाह दी है कि लाइट बंद करके भी हम बिजली बचा सकते हैं।

इसके अलावा इटली, ग्रीस और अन्य देश भी बिजली बचाने की योजना पर काम कर रहे हैं। उधर यूरोपीय यूनियन भी अब सक्रिय हो गया है। उसका लक्ष्य अब सर्दियों के लिए भंडार बनाने का है और इसके लिए वह कम ऊर्जा का इस्तेमाल के उपाय अपनाने में लग गया है। फिलहाल यूरोपीय गैस भंडार केवल 65 प्रतिशत ही भरे हैं जबकि एक नवबंर तक इसका लक्ष्य 80 प्रतिशत करने का है।

एक रिपोर्ट के मुताबिक रूस यूक्रेन युद्ध से पहले रूस यूरोप की प्राकृतिक गैस की आवश्यकता का 40 प्रतिशत हिस्सा देता था जो अब 15 प्रतिशत तक गिर गया है। इसी के चलते यूरोप में अचानक बिजली संकट पैदा हो गया है। कुछ एक्सपर्ट्स तो यहां तक कह रहे हैं कि रूस पर प्रतिबंध लगाने का दांव अब खुद यूरोप पर ही उल्टा पड़ रहा है।

इन्हें भी पढ़ें

  • All
  • विशेष
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
wcl

कोयला क्षेत्र की चुनौतियाँ के अनुरूप श्रमशक्ति को तैयार करना आवश्यक : विनय रंजन

July 15, 2023
resolution of one country one election

आज के भारत की आवश्यकता है ‘वन नेशन वन इलेक्शन’

September 30, 2024
Corona virus

चीन जैसी कोरोना लहर से क्या भारत बच पाएगा?

December 29, 2022
पहल टाइम्स

पहल टाइम्स का संचालन पहल मीडिया ग्रुप्स के द्वारा किया जा रहा है. पहल टाइम्स का प्रयास समाज के लिए उपयोगी खबरों के प्रसार का रहा है. पहल गुप्स के समूह संपादक शूरबीर सिंह नेगी है.

Learn more

पहल टाइम्स कार्यालय

प्रधान संपादकः- शूरवीर सिंह नेगी

9-सी, मोहम्मदपुर, आरके पुरम नई दिल्ली

फोन नं-  +91 11 46678331

मोबाइल- + 91 9910877052

ईमेल- pahaltimes@gmail.com

Categories

  • Uncategorized
  • खाना खजाना
  • खेल
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • दिल्ली
  • धर्म
  • फैशन
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • विश्व
  • व्यापार
  • साक्षात्कार
  • सामाजिक कार्य
  • स्वास्थ्य

Recent Posts

  • e-PAN कार्ड को लेकर सरकार ने दी बड़ी चेतावनी, कहा- भूलकर भी ना करें ये गलती
  • भारत ने तलाशा होमुर्ज का विकल्प, अब इन रास्तों से आ रहा 70% कच्चा तेल
  • भ्रष्टाचार के खिलाफ सीबीआई सख्त, एक अधिकारी गिरफ्तार

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.

  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.