Upgrade
पहल टाइम्स
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
No Result
View All Result
पहल टाइम्स
No Result
View All Result
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • ईमैगजीन
Home राष्ट्रीय

होर्मुज की घेराबंदी का भारत पर बुरा असर, प्रमुख उद्योगों की रफ्तार हुई धीमी

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
April 21, 2026
in राष्ट्रीय, व्यापार
A A
Strait of Hormuz
23
SHARES
755
VIEWS
Share on FacebookShare on Whatsapp

नई दिल्ली।  ईरान-अमेरिका-इजरायल जंग का असर अब सीधे भारत के किसान तक पहुंच गया है. मार्च 2026 में देश में खाद और यूरिया का उत्पादन एक साल पहले यानी मार्च 2025 के मुकाबले 24.6 फीसदी गिर गया है, मतलब करीब एक चौथाई कम खाद बनी. यह आंकड़ा केंद्र सरकार के वाणिज्य मंत्रालय ने  जारी किया है.

जंग की वजह से कम बनने लगा यूरिया

इन्हें भी पढ़े

ITR

ITR जमा करने के बाद दोबारा क्यों भरना पड़ रहा है फॉर्म?

June 23, 2026
UGC NET

NEET के बाद अब UGC NET में भी री-एग्जाम, क्या है पूरा मामला?

June 23, 2026
Petrol-Diesel

तेल कंपनियों को बंपर मार्जिन, जनता परेशान, पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर आई बड़ी रिपोर्ट

June 23, 2026
suvendu adhikari

भारत की गर्दन पर थी दुश्मनों की नजर, सुवेंदु अध‍िकारी ने पलट द‍िया गेम

June 22, 2026
Load More

खाद उत्पादन मार्च 2025 के मुकाबले मार्च 2026 में 24.6 फीसदी गिर गया है यानी करीब एक चौथाई कम खाद बनी. यूरिया बनाने के लिए नेचुरल गैस चाहिए. यह गैस बड़े पैमाने पर मिडिल ईस्ट यानी खाड़ी देशों से आती है, लेकिन ईरान युद्ध की वजह से होर्मुज़ यानी वो समुद्री रास्ता जिससे खाड़ी का तेल और गैस दुनिया भर में जाता है, वहां आवाजाही लगभग ठप हो गई. दुनिया का करीब एक तिहाई खाद इसी रास्ते से गुजरता है. रास्ता बंद हुआ तो गैस नहीं आई और गैस नहीं आई तो यूरिया नहीं बना.

अभी खरीफ सीजन यानी धान, मक्का, सोयाबीन की बुवाई का वक्त आने वाला है. इस सीजन में यूरिया की सबसे ज्यादा जरूरत होती है. देश की 45 फीसदी से ज्यादा आबादी खेती पर निर्भर है. अगर यूरिया कम पड़ा तो या तो किसान को महंगे दाम पर खाद खरीदनी होगी या फसल कम होगी दोनों ही हालात में नुकसान किसान का है.

सिर्फ खाद नहीं और भी सेक्टर लड़खड़ाए

कच्चा तेल यानी क्रूड ऑयल का उत्पादन 5.7 फीसदी घट गया है. कोयला 4 फीसदी नीचे आया है. बिजली उत्पादन भी 0.5 फीसदी कम हुआ. कोयला कम तो बिजली कम यह सीधा कनेक्शन है. नेचुरल गैस का घरेलू उत्पादन 6.4 फीसदी बढ़ा इससे थोड़ी राहत मिली है. स्टील यानी लोहा-इस्पात उत्पादन 2.2 फीसदी बढ़ गया है. सीमेंट 4 फीसदी से ऊपर रहा, क्योंकि देश में सड़क और मकान बनाने का काम जारी रहा.

आठों बड़े उद्योगों का मिला-जुला सूचकांक मार्च 2026 में 0.4 फीसदी गिरा. पूरे वित्त वर्ष 2025-26 में यह सिर्फ 2.6 फीसदी बढ़ा, जो पिछले कई सालों के मुकाबले बहुत कम है. अब जब होर्मुज़ का रास्ता अभी भी बंद है तो अप्रैल और मई के आंकड़े और खराब आ सकते हैं. सरकार को जल्द से जल्द यूरिया की वैकल्पिक सप्लाई का इंतजाम करना होगा वरना किसान और महंगाई दोनों मुसीबत बन सकते हैं.

ईरान युद्ध के बीच भारत के 8 बड़े सेक्टर का हाल

  • कोयला- 4% गिरा- शिपिंग रुट बाधित होने से आयातित कोयले की सप्लाई पर असर
  • खाद- 24.6% गिरा- सबसे बड़ा झटका. ईरान से यूरिया और फॉस्फेट की सप्लाई ठप होने से उत्पादन धड़ाम
  • कच्चा तेल- 5.7% गिरा- होर्मुज़ पर तनाव से घरेलू रिफाइनरियों को कच्चे तेल की आपूर्ति प्रभावित
  • बिजली — 0.5% घटी- कोयले की कमी और महंगे LNG ने बिजली उत्पादन को थोड़ा दबाया.
  • नेचुरल गैस- 6.4% बढ़ा- घरेलू उत्पादन ने राहत दी लेकिन LNG आयात महंगा हुआ.
  • रिफाइनरी प्रोडक्ट्स- सिर्फ 0.1% बढ़ा. युद्ध के बावजूद रिफाइनरियां किसी तरह चलती रहीं बड़ी राहत.
  • स्टील- 2.2% बढ़ा- घरेलू मांग मजबूत रही युद्ध का सीधा असर कम.
  • सीमेंट- 4% बढ़ा- इंफ्रा प्रोजेक्ट जारी रहे बाजार में डिमांड बनी रही.

इन्हें भी पढ़ें

  • All
  • विशेष
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
Bodofa Upendranath Brahma Marg

कैलाश कॉलोनी सड़क का नाम बदलकर हुआ बोडोफा उपेंद्रनाथ ब्रह्मा मार्ग

May 2, 2025
India-Canada

ट्रूडो का जाना, कार्नी का आना, भारत-कनाडा रिश्तों में नया अध्याय?

April 30, 2025
Heron Mark 2 Drones

भारत ने बढ़ाई सरहद की सुरक्षा, तैनात किया ये शक्तिशाली हथियार

August 13, 2023
पहल टाइम्स

पहल टाइम्स का संचालन पहल मीडिया ग्रुप्स के द्वारा किया जा रहा है. पहल टाइम्स का प्रयास समाज के लिए उपयोगी खबरों के प्रसार का रहा है. पहल गुप्स के समूह संपादक शूरबीर सिंह नेगी है.

Learn more

पहल टाइम्स कार्यालय

प्रधान संपादकः- शूरवीर सिंह नेगी

9-सी, मोहम्मदपुर, आरके पुरम नई दिल्ली

फोन नं-  +91 11 46678331

मोबाइल- + 91 9910877052

ईमेल- pahaltimes@gmail.com

Categories

  • Uncategorized
  • खाना खजाना
  • खेल
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • दिल्ली
  • धर्म
  • फैशन
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • विश्व
  • व्यापार
  • साक्षात्कार
  • सामाजिक कार्य
  • स्वास्थ्य

Recent Posts

  • ITR जमा करने के बाद दोबारा क्यों भरना पड़ रहा है फॉर्म?
  • इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा छक्के, लेकिन इस टीम के खिलाफ एक भी सिक्स नहीं लगा पाए रोहित
  • NEET के बाद अब UGC NET में भी री-एग्जाम, क्या है पूरा मामला?

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.

  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.