Upgrade
पहल टाइम्स
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
No Result
View All Result
पहल टाइम्स
No Result
View All Result
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • ईमैगजीन
Home व्यापार

UPI पेमेंट पर टैक्स से राहत कैसे मिलेगी?

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
September 19, 2026
in व्यापार
A A
UPI
19
SHARES
631
VIEWS
Share on FacebookShare on Whatsapp

नई दिल्ली। डिजिटल पेमेंट के दौर में UPI ने दुकानदारों और ग्राहकों के लेन-देन को बेहद आसान बना दिया है. हालांकि, 15 अक्टूबर से 2,000 रुपये से ज्यादा के पेमेंट पर 0.4% एमडीआर (MDR) लागू होने से व्यापारियों की चिंता बढ़ गई है. हर कारोबारी की चाहत यही होती है कि उसे डिजिटल पेमेंट की सुविधा मिलती रहे और प्रोसेसिंग कॉस्ट भी कंट्रोल में रहे.

अक्सर छोटे व्यापारी अपने बैंक अकाउंट से जुड़ा पर्सनल क्यूआर कोड यूज करते हैं. पर्सन टू पर्सन (P2P) वाले ट्रांसफर पर नॉर्मल एमडीआर (MDR) लागू नहीं होता. हालांकि, कमर्शियल पेमेंट को जानबूझकर पर्सनल ट्रांजेक्शन के रूप में दिखाना नियमों का साफ उल्लंघन है.  कारोबारियों को अपने बैंक और पेमेंट सर्विस प्रोवाइडर के निर्देश के अनुसार QR कोड का सिलेक्शन करना चाहिए. अगर आपका भी बिजनेस है तो आप यूपीआई पर लगने वाले एमडीआर से किस तरह बच सकते हैं? आइए जानते हैं-

इन्हें भी पढ़े

Crude oil

रूस, सऊदी या ईरान, दुनिया के सबसे ज्यादा देश किससे खरीदते हैं तेल?

September 18, 2026
semiconductor chip

अब चीन नहीं, भारत बनेगा चिप मैन्युफैक्चरिंग का ग्लोबल बॉस

September 18, 2026
upi and rupay

UPI, Debit या Credit Card: दुकानदार को किस पर देना पड़ता है ज्यादा चार्ज?

September 17, 2026
upi and rupay

2,000 रुपये तक UPI पेमेंट पर नहीं लगेगा चार्ज, केंद्र सरकार का बैंकों को सख्त आदेश

September 15, 2026
Load More

पर्सनल QR कोड का समझदारी से यूज

अक्सर छोटे कारोबारी अपने बैंक अकाउंट से जुड़ा पर्सनल क्यूआर कोड यूज करते हैं. पर्सन टू पर्सन (P2P) वाले ट्रांसफर पर सामान्य मर्चेंट MDR लागू नहीं होता. हालांकि, कमर्शियल पेमेंट को जानबूझकर पर्सनल ट्रांजेक्शन के रूप में दिखाना नियमों का उल्लंघन हो सकता है. कारोबारियों को अपने बैंक और पेमेंट सर्विस प्रोवाइडर के दिशा-निर्देश के अनुसार ही QR कोड को सिलेक्ट करना चाहिए.

छोटे पेमेंट के लिए UPI Lite का यूज

कम राशि के रेगुलर ट्रांजेक्शन को आसान बनाने के लिए UPI Lite एक बेहतरीन जरिया है. इसमें हर छोटे पेमेंट के लिए बैंक सर्वर पर दबाव नहीं पड़ता. हालांकि, इसे केवल बड़े पेमेंट पर लगने वाले एमडीआर (MDR) से बचने के उपाय के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए. इसका मकसद छोटी रकम के पेमेंट को तेजी से और बिना रुकावट के पूरा करना है.

बड़े बिल को छोटे-छोटे पार्ट में करना

5,000 या 10,000 रुपये की बड़ी राशि को 2,000 रुपये से कम के पार्ट में बांटकर करना एक विकल्प हो सकती है. लेकिन हाई-वैल्यू ट्रांजेक्शन लिमिट से बचने की यह कोशिश कुछ मामलों में रिस्की भी हो सकती है. सिर्फ फीस से बचने के लिए कृत्रिम रूप से बिल को कई टुकड़ों में बांटना मर्चेंट के लिए पेनाल्टी का कारण बन सकता है. इसलिए ऐसा करने से पहले पेमेंट एग्रीगेटर की शर्तों को समझना जरूरी है.

सीधे बैंक अकाउंट में ट्रांसफर का ऑप्शन

दुकानदार ग्राहकों से सीधे बैंक अकाउंट में पैसा ट्रांसफर करने के ऑप्शन पर विचार कर सकते हैं. इसमें UPI अकाउंट-टू-अकाउंट के अलावा IMPS या NEFT जैसी सर्विस का यूज किया जा सकता है. इस तरीके से पेमेंट एग्रीगेटर या मर्चेंट वॉलेट के जरिये लगने वाले एक्सट्रा चार्ज से बचा जा सकता है. हालांकि, बैंक की तरफ से लगाए जाने वाले सर्विस चार्ज की पहले से जांच कर लेनी चाहिए.

स्टैटिक QR से डिवाइस रेंटल की बचत

यह जरूरी नहीं कि हर छोटे कारोबारी को महंगा प्वाइंट ऑफ सेल (POS) सिस्टम या साउंडबॉक्स लगाने की जरूरत हो. साधारण बैंक स्टैटिक QR कोड का यूज करके डिवाइस रेंटल और मंथली मेंटेनेंस फीस से आसानी से बचत की जा सकती है. हालांकि, एमडीआर (MDR) का लगना महज इस बात पर निर्भर नहीं करता कि QR कोड स्टैटिक है या डायनेमिक, बल्कि यह मर्चेंट की रजिस्टर्ड कैटेगरी पर निर्भर करता है.

इन्हें भी पढ़ें

  • All
  • विशेष
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
Rakshabandhan festival

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की माधव शाखा में उत्साह और आत्मीयता के साथ मनाया गया रक्षाबंधन उत्सव!

August 24, 2026
Khamenei

खामेनेई को मारने पर क्यों तुला इजरायल ? ईरान के बाद इजरायल का नया वॉर फ्रंट!

June 27, 2025

मुद्रा ऋ ण: समानता पर आधारित समृद्धि का एक सेतु

June 1, 2022
पहल टाइम्स

पहल टाइम्स का संचालन पहल मीडिया ग्रुप्स के द्वारा किया जा रहा है. पहल टाइम्स का प्रयास समाज के लिए उपयोगी खबरों के प्रसार का रहा है. पहल गुप्स के समूह संपादक शूरबीर सिंह नेगी है.

Learn more

पहल टाइम्स कार्यालय

प्रधान संपादकः- शूरवीर सिंह नेगी

9-सी, मोहम्मदपुर, आरके पुरम नई दिल्ली

फोन नं-  +91 11 46678331

मोबाइल- + 91 9910877052

ईमेल- pahaltimes@gmail.com

Categories

  • Uncategorized
  • खाना खजाना
  • खेल
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • दिल्ली
  • धर्म
  • फैशन
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • विश्व
  • व्यापार
  • साक्षात्कार
  • सामाजिक कार्य
  • स्वास्थ्य

Recent Posts

  • ‘यह सनातन और वैदिक परंपरा अपमान’, गयाजी में ऑनलाइन पिंडदान के विरोध में पुरोहित
  • सीएम रेखा गुप्ता का ऐलान, साउथ रिज में 1000 एकड़ से बढ़ेगा ग्रीनरी का दायरा!
  • पीएम मोदी ने 10 मीटर राइफल में सिल्वर जीतने वाली महिला टीम को दी बधाई!

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.

  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.