नई दिल्ली: नया बिजनेस शुरू करना हो, अपने मौजूदा कारोबार को नई ऊंचाइयों पर ले जाना हो या फिर अचानक सामने आई किसी फाइनेंशियल जरूरत को पूरा करना हो तो सबसे बड़ा सवाल हमेशा ‘पैसों के इंतजाम’ का होता है. कई बार लोग फंड की कमी के कारण अपने बेहतरीन बिजनेस आइडिया को छोड़ देते हैं या फिर बाजार से महंगे ब्याज पर कर्ज ले लेते हैं. लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपके घर की तिजोरी में रखा हुआ सोना इस मुश्किल को पल भर में हल कर सकता है? जी हां, अपने सोने का सही इस्तेमाल करके आप बेहद कम ब्याज पर और बिना किसी झंझट के ‘गोल्ड लोन’ (Gold Loan) ले सकते हैं.
आमतौर पर जब आप बिजनेस लोन या पर्सनल लोन के लिए आवेदन करते हैं, तो बैंकों के चक्कर काटने पड़ते हैं. भारी-भरकम दस्तावेज, सिबिल स्कोर की लंबी जांच और लंबा प्रोसेस आपके उत्साह को कम कर देती है. इसके उलट गोल्ड लोन एक ‘सिक्योर्ड लोन’ (Secured Loan) है. चूंकि आप लोन के बदले अपना सोना बैंक या फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशन के पास गारंटी के तौर पर रख रहे हैं, इसलिए इसमें कागजी कार्रवाई ना के बराबर होती है. अगर आपका सिबिल स्कोर खराब भी है, तब भी आपको गोल्ड लोन मिलने में कोई परेशानी नहीं होती, क्योंकि बैंक के पास आपका सोना सुरक्षित रहता है.
मुथूट और मणप्पुरम जैसी कंपनियों और बैंकों की आसान सेवाएं
आज के समय में गोल्ड लोन लेना बेहद पारदर्शी और तेज हो गया है. मुथूट फाइनेंस (Muthoot Finance) और मणप्पुरम फाइनेंस (Manappuram Finance) जैसी एनबीएफसी और देश के प्रमुख सरकारी और प्राइवेट बैंक महज कुछ मिनटों में लोन मंजूर कर देते हैं.
गोल्ड लोन की खासियतें
आकर्षक ब्याज दरें: पर्सनल लोन (12% से 18%) की तुलना में गोल्ड लोन काफी कम ब्याज दर (आमतौर पर 7% से 12% के बीच) पर मिल जाता है.
इंस्टेंट अप्रूवल: आप बैंक या गोल्ड लोन कंपनी की ब्रांच में सोना लेकर जाते हैं, वहां सोने की शुद्धता और वजन की जांच होती है और तुरंत आपके हाथ में या बैंक खाते में पैसा ट्रांसफर कर दिया जाता है.
फ्लेक्सिबल रीपेमेंट: आपको हर महीने भारी EMI चुकाने का तनाव नहीं होता. कई संस्थान आपको सिर्फ हर महीने ब्याज चुकाने और लोन अवधि के अंत में मूलधन देने की सुविधा देते हैं.
अपने बिजनेस को दें नई उड़ान
बिजनेस में कभी-कभी अचानक से कच्चे माल की जरूरत पड़ जाती है या किसी बड़े ऑर्डर को पूरा करने के लिए तुरंत कैश की जरूरत होती है. ऐसी स्थिति में बाजार से 2-3 रुपये सैकड़ा (24% से 36% सालाना) पर ब्याज लेने के बजाय घर में निष्क्रिय पड़े सोने का इस्तेमाल करना सबसे समझदारी भरा फैसला है. आपका सोना लॉकर में बंद रहकर सिर्फ धूल खाएगा, लेकिन गोल्ड लोन के जरिए वही सोना आपके बिजनेस के लिए ‘वर्किंग कैपिटल’ बन सकता है.







