Upgrade
पहल टाइम्स
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन
No Result
View All Result
पहल टाइम्स
No Result
View All Result
  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • ईमैगजीन
Home व्यापार

(जयपुर)जयपुर की 60,000 गायों के गोबर की राखियों के अमेरिका, मॉरीशस में खरीदार मिले

पहल टाइम्स डेस्क by पहल टाइम्स डेस्क
August 8, 2022
in व्यापार
A A
1
VIEWS
Share on FacebookShare on Whatsapp

जयपुर ,07 अगस्त (आरएनएस)। अमेरिका और मॉरीशस में रहने वाले भारतीयों के लिए इस साल रक्षा बंधन अलग होगा, क्योंकि वे अपनी कलाई पर जयपुर से आई गाय के गोबर की राखी बांधेंगे। कुछ महीने पहले जयपुर से 192 मीट्रिक टन गाय के गोबर के निर्यात का इतिहास बनाने वाले ऑर्गेनिक फार्मर प्रोड्यूसर एसोसिएशन ऑफ इंडिया के अतुल गुप्ता ने कहा कि अमेरिका से 40,000 राखियों का ऑर्डर आया है, वहीं मॉरीशस से 20,000 राखियों का एक और ऑर्डर मिला है।

एसोसिएशन की महिला विंग की राष्ट्रीय अध्यक्ष संगीता गौर के मुताबिक, इस साल गाय के गोबर से बनी राखियां न सिर्फ भारत में, बल्कि विदेशों में भी आकर्षण का केंद्र रहेंगी। इन राखियों को सनराइज ऑर्गेनिक में देसी गाय के गोबर से बनाया गया है। श्रीपिंजरापोल गौशाला परिसर का पार्क, जहां से हमारी महिला इकाई ने रक्षा बंधन पर गाय के गोबर और बीजों से बनी हर्बल राखियों का निर्यात करने का फैसला किया है। ये राखियां प्रवासी भारतीयों के लिए भाई और बहन के पवित्र रिश्ते का प्रतीक होंगी।

इन्हें भी पढ़े

America prepares to attack China

डोनाल्ड ट्रंप का चीन पर बड़ा ‘वार’, कई कंपनियों पर लगाए नए प्रतिबंध?

May 9, 2026
Petrol-Diesel

क्या 15 मई से पहले बढ़ने जा रही हैं पेट्रोल और डीजल की कीमतें?

May 9, 2026
gold reserves

विदेशों से आखिर क्यों भारी मात्रा में सोना वापस ला रहा भारत?

May 8, 2026
Strait of Hormuz

तेल का गला घोंट सकता है होर्मुज संकट, दुनिया की धड़कन पर मंडराया खतरा

May 7, 2026
Load More

उन्होंने कहा, गोबर की राखियों से होने वाली आय का उपयोग गाय की रक्षा के सार्थक प्रयासों में किया जाएगा। साथ ही, इन प्राचीन राखियों को बनाते हुए हैनिमैन चैरिटेबल मिशन सोसाइटी के महिला स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं अपनी आजीविका कमाकर आत्मनिर्भर बन जाएंगी। इसके अलावा, लोग चीनी राखियों के साथ-साथ पर्यावरण को प्रदूषित करने वाली राखियों का उपयोग करने के लिए प्रेरित होंगे। इसके अलावा, कलाई पर गाय के गोबर से बनी राखी बांधने से विकिरण से भी सुरक्षा मिलेगी।

हैनिमैन चैरिटेबल मिशन सोसाइटी की सचिव मोनिका गुप्ता ने कहा कि लोग गायों का सम्मान करते हैं, इसलिए गाय के गोबर और औषधीय बीजों से राखी बनाई जा रही है। गोबर को धूप में अच्छी तरह सुखाया जाता है, जिससे गोबर की गंध 95 प्रतिशत तक दूर हो जाती है। इसके बाद गाय के घी, हल्दी, सफेद मिट्टी और चंदन के साथ सूखे गोबर का बारीक चूर्ण मिलाया जाता है जिसे अन्य जैविक उत्पादों के साथ आटे की तरह गूंथकर रंगीन राखियां बनाई जाती हैं। पिछली सतह पर, जिसे कलाई पर बांधने के लिए प्रयोग किया जाता है। पूरी प्रक्रिया में किसी भी रासायनिक वस्तु का उपयोग नहीं किया जाता है।

मोनिका ने कहा कि ज्यादातर लोग राखी को थोड़ी देर बाद उतार देते हैं और रक्षा बंधन के बाद फेंक देते हैं। भाई-बहन के प्यार की प्रतीक राखी कुछ दिनों बाद कूड़े के ढेर में पहुंच जाती है। इसे देखते हुए राखी में तुलसी, अश्वगंधा, कालमेघ समेत अन्य बीज डाले जा रहे हैं, ताकि राखी को फेंकने की बजाय लोग गमले में या घर के आंगन में रख सकें, इस पहल से रोपण में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि राखी के अंदर रखे बीजों की मदद से एक पौधा।

इन राखियों को जयपुर शहर में एक वितरक के माध्यम से लगभग 250 स्थानों पर बेचा जाएगा। इससे पहले कुवैत स्थित लैमोर ने 192 मीट्रिक टन देशी गाय के गोबर का ऑर्डर दिया था। अतुल गुप्ता ने आईएएनएस को बताया, सनराइज एग्रीलैंड एंड डेवलपमेंट रिसर्च को यह ऑर्डर मिला है। कंपनी के निदेशक प्रशांत चतुर्वेदी ने कहा कि यह संभवत: पहली बार है, जब भारत से गायों का गोबर कुवैत द्वारा आयात किया जा रहा है।

इन्हें भी पढ़ें

  • All
  • विशेष
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
INS Arighat

इंडियन नेवी का ‘साइलेंट शिकारी’…चीन-PAK में भय भारी !

June 7, 2025
श्मशान और मरघट

श्मशान और मरघट की ज़मीनों का होता अंतिम संस्कार, जिम्मेदार मौन…?

September 21, 2025
Supreme court

समलैंगिक विवाह पर सुप्रीम कोर्ट के फ़ैसले से समुदाय में उम्मीद भी लेकिन निराशा भी

October 18, 2023
पहल टाइम्स

पहल टाइम्स का संचालन पहल मीडिया ग्रुप्स के द्वारा किया जा रहा है. पहल टाइम्स का प्रयास समाज के लिए उपयोगी खबरों के प्रसार का रहा है. पहल गुप्स के समूह संपादक शूरबीर सिंह नेगी है.

Learn more

पहल टाइम्स कार्यालय

प्रधान संपादकः- शूरवीर सिंह नेगी

9-सी, मोहम्मदपुर, आरके पुरम नई दिल्ली

फोन नं-  +91 11 46678331

मोबाइल- + 91 9910877052

ईमेल- pahaltimes@gmail.com

Categories

  • Uncategorized
  • खाना खजाना
  • खेल
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • दिल्ली
  • धर्म
  • फैशन
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • लाइफस्टाइल
  • विशेष
  • विश्व
  • व्यापार
  • साक्षात्कार
  • सामाजिक कार्य
  • स्वास्थ्य

Recent Posts

  • प्रभास की Kalki 2 के लिए फैंस को करना होगा लंबा इंतजार!
  • अमित शाह का राहुल और I.N.D.I.A गठबंधन पर हमला, पूछा- क्या हर जगह हुई वोट चोरी?
  • सुपर अल-नीनो को लेकर IMD का अलर्ट जारी, देशभर में पड़ेगी भीषण गर्मी

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.

  • होम
  • दिल्ली
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • विश्व
  • धर्म
  • व्यापार
  • खेल
  • मनोरंजन
  • गैजेट्स
  • जुर्म
  • लाइफस्टाइल
    • स्वास्थ्य
    • फैशन
    • यात्रा
  • विशेष
    • साक्षात्कार
  • ईमैगजीन

© 2021 पहल टाइम्स - देश-दुनिया की संपूर्ण खबरें सिर्फ यहां.